नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में मौसम और एयर ट्रैफिक की भीड़ के चलते मंगलवार को हवाई सेवाओं में बड़ी बाधा देखने को मिली। देश की सबसे बड़ी निजी एयरलाइन इंडिगो (IndiGo) ने अपने यात्रियों के लिए ट्रैवल एडवाइजरी जारी करते हुए सूचित किया कि दिल्ली एयरपोर्ट (Delhi Airport) पर हवाई यातायात का दबाव बहुत ज्यादा है, जिसकी वजह से फ्लाइट्स में देरी और लंबा इंतजार संभव है।
इंडिगो की यह चेतावनी ऐसे वक्त में आई है जब दिल्ली और एनसीआर में मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिल रहा है। घना कोहरा, दृश्यता में कमी और ट्रैफिक जाम जैसी परिस्थितियों ने यात्रियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
क्या कहा इंडिगो ने अपनी ट्रैवल एडवाइजरी में?
इंडिगो एयरलाइंस ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) और अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर ट्रैवल एडवाइजरी जारी करते हुए कहा—
“दिल्ली हवाई अड्डे पर हवाई यातायात की भीड़ के कारण उड़ानों में देरी संभव है। यात्रियों से अनुरोध है कि वे एयरपोर्ट पहुंचने से पहले अपने फ्लाइट स्टेटस की जांच करें।”
एयरलाइन ने आगे कहा कि, “कई उड़ानों का समय पुनर्निर्धारित किया जा रहा है ताकि संचालन सामान्य रखा जा सके। हम यात्रियों से सहयोग की अपील करते हैं और किसी भी असुविधा के लिए खेद प्रकट करते हैं।”
दिल्ली एयरपोर्ट पर क्यों बढ़ा एयर ट्रैफिक?
जानकारों के अनुसार, नवंबर के शुरुआती हफ्ते में कई कारणों से दिल्ली एयरपोर्ट पर एयर ट्रैफिक में असामान्य वृद्धि देखी जा रही है —
1. त्योहारी सीजन और छुट्टियों का दौर: दिवाली और छठ जैसे त्योहारों के चलते यात्रियों की संख्या तेजी से बढ़ी है।
2. धुंध और कम दृश्यता: मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली में सुबह के समय दृश्यता 600 मीटर से भी कम दर्ज की गई।
3. फ्लाइट डायवर्जन और स्लॉट की कमी: अन्य शहरों से आने वाली फ्लाइट्स के डायवर्जन और लेट होने से दिल्ली एयरपोर्ट पर स्लॉट प्रबंधन प्रभावित हुआ है।
4. टेकऑफ और लैंडिंग में देरी: सुरक्षा और दृश्यता मानकों के कारण एयर ट्रैफिक कंट्रोल को उड़ानों के बीच अतिरिक्त समय देना पड़ रहा है।

यात्रियों को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?
इंडिगो ने यात्रियों को कुछ विशेष निर्देशों और सावधानियों के पालन की सलाह दी है, ताकि देरी की स्थिति में असुविधा से बचा जा सके —
फ्लाइट स्टेटस चेक करें: यात्रा से पहले इंडिगो की वेबसाइट या मोबाइल ऐप पर अपनी उड़ान की स्थिति अवश्य देखें।
समय से पहले एयरपोर्ट पहुंचें: चेक-इन और सुरक्षा जांच में अधिक समय लग सकता है, इसलिए कम से कम दो घंटे पहले पहुंचने की सलाह दी गई है।
ऑनलाइन चेक-इन का उपयोग करें: भीड़ से बचने के लिए यात्रियों को डिजिटल बोर्डिंग पास का उपयोग करने की सलाह दी गई है।
एयरलाइन से जुड़े रहें: एसएमएस और ईमेल अलर्ट्स के माध्यम से उड़ान अपडेट लेते रहें।
मौसम भी बना परेशानी की जड़
दिल्ली-एनसीआर में पिछले कुछ दिनों से वायु गुणवत्ता बेहद खराब श्रेणी में है। सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) के मुताबिक, मंगलवार सुबह दिल्ली का AQI 450 के पार दर्ज किया गया।
घना धुआं और प्रदूषण के कारण दृश्यता में भारी गिरावट आई है, जो एयर ट्रैफिक संचालन के लिए बड़ी चुनौती बन गई है।
मौसम विभाग ने बताया कि,
“अगले 48 घंटों तक हल्की धुंध और कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है। सुबह और देर शाम दृश्यता में कमी के चलते उड़ानें प्रभावित हो सकती हैं।”
दिल्ली एयरपोर्ट अथॉरिटी की सफाई
दिल्ली अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा प्राधिकरण (DIAL) ने बयान जारी कर कहा कि एयरपोर्ट पर सभी तीन रनवे (RWY 09/27, 10/28, 11R/29L) पूरी तरह संचालन में हैं।
हालांकि, फ्लाइट मूवमेंट बढ़ने और विजिबिलिटी घटने के कारण टेकऑफ और लैंडिंग में थोड़ी देरी हो सकती है।
अथॉरिटी ने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और एयर ट्रैफिक कंट्रोल टीम लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है।
यात्रा से पहले जानें यह जरूरी जानकारी
दिल्ली से रवाना होने वाली उड़ानों के लिए इंडिगो कस्टमर केयर नंबर: 0124-6173838 / 0124-4973838 पर संपर्क किया जा सकता है।
एयरपोर्ट की वेबसाइट (www.newdelhiairport.in) पर रीयल-टाइम फ्लाइट अपडेट उपलब्ध है।
एयरलाइन ने यात्रियों से कहा कि अगर उड़ानें रद्द या पुनर्निर्धारित होती हैं, तो यात्रियों को फुल रिफंड या रीशेड्यूल का विकल्प दिया जाएगा।
देशभर में असर की संभावना
एविएशन विशेषज्ञों का कहना है कि दिल्ली एयरपोर्ट पर देरी का असर देशभर के उड़ान नेटवर्क पर भी पड़ सकता है।
चूंकि दिल्ली एयरपोर्ट एक प्रमुख हब (Main Hub) है, इसलिए यहां किसी भी तरह की देरी से अन्य शहरों — जैसे मुंबई, पटना, लखनऊ, बेंगलुरु और हैदराबाद — के फ्लाइट शेड्यूल प्रभावित हो सकते हैं।
इंडिगो की यह ट्रैवल एडवाइजरी यात्रियों के लिए एक महत्वपूर्ण चेतावनी है। त्योहारों और बदलते मौसम के बीच दिल्ली एयरपोर्ट पर एयर ट्रैफिक मैनेजमेंट एक बड़ी चुनौती बन चुका है।
यात्रियों को चाहिए कि वे अपडेटेड रहें, अनावश्यक जल्दबाजी न करें और यात्रा की योजना लचीले ढंग से बनाएं।

