देवघर। रोहिणी बाजार क्षेत्र स्थित पांडे टोला में हाईटेंशन विद्युत तार की चपेट में आने से युवक की दर्दनाक मौत के बाद इलाके में आक्रोश और दहशत का माहौल है। इस गंभीर हादसे को लेकर देवघर चेंबर ऑफ कॉमर्स ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए विद्युत विभाग से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। चेंबर ने स्पष्ट रूप से कहा है कि यदि समय रहते हाईटेंशन तार को हटाया गया होता तो एक निर्दोष जान बचाई जा सकती थी।
मंगलवार को हुए इस हृदयविदारक हादसे में पांडे टोला निवासी आशीष पांडे की हाईटेंशन तार की चपेट में आने से मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद पूरे मोहल्ले में मातम पसरा हुआ है और लोग भय के साये में जीने को मजबूर हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि करीब 20 घरों के ऊपर से 11 हजार वोल्ट का हाईटेंशन तार गुजर रहा है, जो कभी भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकता है।
घटना की जानकारी मिलते ही देवघर चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष रवि केशरी चेंबर पदाधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार तथा स्थानीय लोगों से बातचीत कर पूरी घटना की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि यह कोई पहली बार नहीं है जब इस तार को लेकर शिकायत की गई हो। इससे पहले भी स्थानीय निवासी उज्ज्वल कुमार द्वारा जसीडीह के सहायक विद्युत अभियंता को लिखित आवेदन देकर इस हाईटेंशन तार को हटाने की मांग की गई थी, जिसकी रिसीविंग कॉपी आज भी मौजूद है। बावजूद इसके विद्युत विभाग ने इस गंभीर समस्या को नजरअंदाज किया।
चेंबर अध्यक्ष रवि केशरी ने कहा कि विभागीय लापरवाही के कारण ही आज एक परिवार का चिराग बुझ गया। उन्होंने कहा कि रोहिणी पांडे टोला के लगभग 20 घरों के लोग लगातार डर के माहौल में रह रहे हैं। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं के लिए यह स्थिति बेहद खतरनाक है। कभी भी कोई और बड़ी दुर्घटना घट सकती है।
देवघर चेंबर ऑफ कॉमर्स ने विद्युत विभाग से मांग की है कि रोहिणी बाजार क्षेत्र में घरों के ऊपर से गुजर रहे 11 हजार वोल्ट के हाईटेंशन तार को अविलंब हटाया जाए या सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट किया जाए। साथ ही मृतक आशीष पांडे के परिजनों को उचित मुआवजा देने की भी मांग की गई है।
चेंबर के पदाधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि यदि समय रहते विभाग ने स्थानीय लोगों की बात सुनी होती तो यह हादसा टल सकता था। यह महज एक दुर्घटना नहीं बल्कि सिस्टम की गंभीर विफलता है। चेंबर ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
घटनास्थल पर मौजूद स्थानीय लोगों ने भी अपनी पीड़ा साझा करते हुए बताया कि बरसात और आंधी के समय हाईटेंशन तार बेहद खतरनाक हो जाता है। कई बार तार से चिंगारी निकलती है, जिससे लोग सहम जाते हैं। बच्चों को बाहर निकलने से रोका जाता है, फिर भी खतरा बना रहता है।
देवघर चेंबर ऑफ कॉमर्स के संरक्षक अशोक सराफ, सचिव विजय कौशिक, उपाध्यक्ष शिव सराफ, कोषाध्यक्ष पंकज मोदी, महेश वर्णवाल सहित अन्य सदस्य भी मौके पर मौजूद थे। सभी ने एक स्वर में विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि जनसुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
चेंबर ने जिला प्रशासन से भी इस पूरे मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। लोगों का कहना है कि यह हादसा पूरे सिस्टम के लिए एक चेतावनी है और अब भी यदि ठोस कदम नहीं उठाए गए तो किसी और की जान जा सकती है।
फिलहाल इलाके में भय का माहौल बना हुआ है और लोग प्रशासन व विद्युत विभाग की ओर टकटकी लगाए देख रहे हैं कि आखिर कब इस जानलेवा हाईटेंशन तार से निजात मिलेगी।

