By: Vikash Kumar (Vicky)
मोशन सिकनेस क्या है और क्यों होती है
चलती गाड़ी, बस, ट्रेन या पहाड़ी रास्तों पर सफर करते समय अचानक जी मिचलाना, उल्टी जैसा लगना, सिर भारी होना या पसीना आना बहुत आम समस्या है। इसे मेडिकल भाषा में मोशन सिकनेस कहा जाता है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि जब हम खुद बैठे होते हैं तब भी दिमाग को ऐसा क्यों लगता है जैसे शरीर असंतुलित हो गया हो? इसके पीछे शरीर का एक बेहद दिलचस्प सिस्टम काम करता है, जिसे वेस्टिबुलर सिस्टम कहा जाता है। यही सिस्टम हमारे संतुलन, दिशा और मूवमेंट को कंट्रोल करता है।

दिमाग क्यों हो जाता है कन्फ्यूज
जब हम चलती गाड़ी में बैठे होते हैं तो आंखें एक तरह की मूवमेंट देखती हैं, जबकि हमारे कानों के अंदर मौजूद बैलेंस सिस्टम दूसरी तरह का संकेत दिमाग को भेजता है। आंखें बताती हैं कि हम स्थिर बैठे हैं लेकिन कानों का सिस्टम कहता है कि शरीर हिल रहा है। इस विरोधाभास से दिमाग भ्रमित हो जाता है और यही भ्रम मतली, उल्टी, चक्कर और बेचैनी में बदल जाता है। दिमाग इस स्थिति को एक तरह का खतरा मान लेता है और शरीर को रिएक्शन देने के लिए मजबूर कर देता है।
मोबाइल देखने से समस्या क्यों बढ़ जाती है।
यही वजह है कि जो लोग ज्यादा मोबाइल देखते हुए या किताब पढ़ते हुए सफर करते हैं, उन्हें ज्यादा उल्टी आती है। आंखें स्क्रीन पर स्थिर चीजें देख रही होती हैं जबकि शरीर मूवमेंट में होता है, जिससे दिमाग को दो अलग-अलग तरह के संदेश मिलते हैं और मोशन सिकनेस ट्रिगर हो जाती है।
किसे ज्यादा होती है यह परेशानी
बच्चों, महिलाओं और उन लोगों को यह समस्या ज्यादा होती है जिनका वेस्टिबुलर सिस्टम ज्यादा संवेदनशील होता है। खाली पेट या बहुत ज्यादा खाना खाकर सफर करने पर भी यह परेशानी बढ़ जाती है क्योंकि पेट और दिमाग के बीच की नर्व्स ज्यादा एक्टिव हो जाती हैं।
टिप 1 सामने की दिशा में देखें
सबसे पहला उपाय यह है कि सफर के दौरान सामने की दिशा में देखें। खिड़की से बाहर दूर तक देखने से आंखों और दिमाग को एक ही तरह की मूवमेंट का संकेत मिलता है और भ्रम कम हो जाता है।

टिप 2 हल्का खाना खाकर करें यात्रा
बहुत ज्यादा तला-भुना, मसालेदार या भारी भोजन पेट में गैस और एसिडिटी बढ़ा देता है, जिससे उल्टी की संभावना और ज्यादा हो जाती है। इसलिए सफर से पहले हल्का और आसानी से पचने वाला भोजन लेना बेहतर होता है।
टिप 3 ताजी हवा लेना है जरूरी
अगर संभव हो तो खिड़की खोलें या एसी की हवा लें, क्योंकि ताजी हवा दिमाग को शांत करती है और मतली को कम करती है। बंद और घुटन भरी जगह में बैठने से उल्टी की समस्या और बढ़ सकती है।
टिप 4 अदरक से मिलेगी तुरंत राहत
अदरक प्राकृतिक रूप से उल्टी और मतली को रोकने में मदद करता है। सफर से पहले अदरक की चाय, अदरक की गोली या कच्चा अदरक लेना काफी राहत देता है।
घरेलू उपाय भी होते हैं कारगर
इसके अलावा नींबू की खुशबू, मिंट या सौंफ चबाना भी कई लोगों के लिए फायदेमंद साबित होता है। कोशिश करें कि सफर के दौरान ज्यादा झुककर मोबाइल न देखें और आराम से बैठें।
दवाओं का इस्तेमाल कब करें
अगर बार-बार मोशन सिकनेस की समस्या होती है तो डॉक्टर से सलाह लेकर एंटी मोशन सिकनेस दवाएं भी ली जा सकती हैं, लेकिन इन्हें रोजाना बिना जरूरत के लेना सही नहीं होता।
यह खबर सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखी गई है। किसी भी तरह की गंभीर या बार-बार होने वाली स्वास्थ्य समस्या में डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

