By: Mala Mandal
आजकल लोग महंगे माउथवॉश और ओरल केयर प्रोडक्ट्स पर हजारों रुपये खर्च करते हैं, लेकिन आयुर्वेद और घरेलू नुस्खों में ऐसी कई चीजें मौजूद हैं जो बेहद सस्ती होने के बावजूद असरदार मानी जाती हैं। उन्हीं में से एक है फिटकरी। सदियों से इस्तेमाल की जाने वाली फिटकरी केवल शेविंग या घाव भरने के लिए ही नहीं बल्कि दांतों और मसूड़ों की देखभाल के लिए भी बेहद फायदेमंद मानी जाती है। नियमित रूप से फिटकरी के पानी से कुल्ला करने से मुंह की कई समस्याओं से राहत मिल सकती है।

फिटकरी, जिसका रासायनिक नाम पोटैशियम एल्युमिनियम सल्फेट है, एंटी-बैक्टीरियल, एंटीसेप्टिक और एंटी-माइक्रोबियल गुणों से भरपूर होती है। यही वजह है कि यह मुंह में मौजूद हानिकारक बैक्टीरिया को खत्म करने में मदद करती है। अगर सही तरीके से इस्तेमाल किया जाए तो यह ओरल हेल्थ के लिए किसी प्राकृतिक औषधि से कम नहीं मानी जाती।
मुंह की बदबू से मिल सकती है राहत
कई लोग सांसों से आने वाली बदबू की समस्या से परेशान रहते हैं। इसका मुख्य कारण मुंह में जमा बैक्टीरिया होते हैं। फिटकरी का पानी इन बैक्टीरिया को खत्म करने में मदद करता है। नियमित कुल्ला करने से सांसों की दुर्गंध कम हो सकती है और मुंह लंबे समय तक फ्रेश महसूस होता है। यही कारण है कि कई लोग इसे घरेलू माउथवॉश के रूप में इस्तेमाल करते हैं।

मसूड़ों की सूजन और खून आने की समस्या हो सकती है कम
अगर ब्रश करते समय मसूड़ों से खून आता है या उनमें सूजन रहती है, तो फिटकरी का पानी राहत पहुंचा सकता है। फिटकरी में कसैले गुण पाए जाते हैं जो मसूड़ों को मजबूत बनाने में मदद करते हैं। इसके नियमित इस्तेमाल से मसूड़ों की सूजन कम हो सकती है और मुंह की सफाई बेहतर बनी रहती है।
दांतों के पीलेपन और प्लाक को हटाने में मददगार
गलत खानपान, चाय-कॉफी या धूम्रपान की वजह से दांतों पर पीली परत जमने लगती है। फिटकरी का पानी दांतों पर जमा गंदगी और प्लाक को साफ करने में मदद करता है। इससे दांतों की चमक बेहतर हो सकती है और कैविटी का खतरा भी कम होता है।

मुंह के छालों में मिल सकती है राहत
मुंह के छाले कई बार खाना-पीना तक मुश्किल बना देते हैं। फिटकरी के एंटीसेप्टिक गुण छालों में मौजूद संक्रमण को कम करने में मदद कर सकते हैं। हल्के गुनगुने पानी में फिटकरी मिलाकर कुल्ला करने से जलन और दर्द में आराम महसूस हो सकता है।

दांत दर्द और झनझनाहट में फायदेमंद
अगर दांतों में हल्का दर्द, सेंसिटिविटी या झनझनाहट की समस्या हो रही है, तो फिटकरी का पानी राहत दे सकता है। यह बैक्टीरिया को बढ़ने से रोकता है और संक्रमण को कम करने में मदद करता है। हालांकि ज्यादा दर्द होने पर तुरंत डेंटिस्ट से सलाह लेना जरूरी है।

फिटकरी के पानी से कुल्ला करने का सही तरीका
एक गिलास हल्का गुनगुना पानी लें। उसमें फिटकरी का छोटा सा टुकड़ा डालकर 2 से 3 बार घुमाएं और फिर उसे निकाल दें। अब इस पानी से करीब 30 से 40 सेकंड तक कुल्ला करें। दिन में एक बार इसका इस्तेमाल करना काफी माना जाता है। ज्यादा मात्रा में इस्तेमाल करने से मुंह में सूखापन या जलन की समस्या हो सकती है।

किन बातों का रखें ध्यान
फिटकरी का इस्तेमाल सीमित मात्रा में ही करना चाहिए। जरूरत से ज्यादा इस्तेमाल करने पर मुंह के नैचुरल बैक्टीरिया भी प्रभावित हो सकते हैं। बच्चों को बिना डॉक्टर की सलाह के इसका उपयोग नहीं करवाना चाहिए। अगर मुंह में लगातार दर्द, सूजन या खून आने की समस्या बनी रहे तो डेंटिस्ट से संपर्क जरूर करें।
घरेलू नुस्खों में फिटकरी का इस्तेमाल लंबे समय से किया जाता रहा है। सही तरीके से उपयोग करने पर यह ओरल हेल्थ को बेहतर बनाए रखने में मदद कर सकती है। हालांकि इसे किसी मेडिकल ट्रीटमेंट का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।
इस लेख में दी गई जानकारी सामान्य घरेलू उपायों और आयुर्वेदिक मान्यताओं पर आधारित है। किसी भी स्वास्थ्य संबंधी समस्या या इलाज के लिए डॉक्टर या विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।

