By: Vikash Kumar (Vicky)

अमावस्या तिथि का धार्मिक महत्व
आज 18 मार्च 2026 का दिन हिंदू पंचांग के अनुसार चैत्र माह की अमावस्या तिथि का है। चैत्र महीने में आने वाली इस अमावस्या को कई जगह भूतड़ी अमावस्या भी कहा जाता है। हिंदू धर्म में अमावस्या तिथि का विशेष महत्व माना गया है। इस दिन स्नान, दान, जप, तप और पितरों के निमित्त किए गए कार्य बहुत शुभ फल देने वाले माने जाते हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार अमावस्या के दिन किए गए दान और पूजा से पितृ दोष शांत होता है और घर में सुख-शांति बनी रहती है।

आज बन रहा है शुभ योग
आज की अमावस्या पर शुभ योग का संयोग बन रहा है, जो धार्मिक कार्यों के लिए बहुत अच्छा माना जाता है। इस योग में पूजा-पाठ, व्रत, दान और किसी नए कार्य की शुरुआत करना लाभदायक होता है। जिन लोगों को लंबे समय से कोई काम शुरू करना है, वे शुभ मुहूर्त देखकर आज शुरुआत कर सकते हैं। ज्योतिष गणना के अनुसार आज चंद्रमा मीन राशि में रहेंगे, जिससे आध्यात्मिक कार्यों के लिए दिन अनुकूल माना जा रहा है।

स्नान-दान और पितरों के लिए खास दिन
अमावस्या तिथि को पितरों को याद करने और उनके लिए श्राद्ध, तर्पण या दान करने की परंपरा है। मान्यता है कि इस दिन गरीबों को भोजन, वस्त्र या अन्न दान करने से पुण्य मिलता है। कई लोग इस दिन नदी या पवित्र जल में स्नान करके पूजा करते हैं। जो लोग पितृ दोष से परेशान रहते हैं, उनके लिए भी अमावस्या का दिन महत्वपूर्ण माना जाता है।
आज का पंचांग – तिथि, नक्षत्र और करण
आज अमावस्या तिथि पूरे दिन प्रभाव में रहेगी। पंचांग के अनुसार आज शुभ योग का संयोग है, जो मांगलिक कार्यों के लिए अच्छा माना जाता है। आज के दिन शांत मन से पूजा करने और भगवान का ध्यान करने से मानसिक शांति मिलती है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार आज का दिन आध्यात्मिक साधना के लिए बहुत अच्छा है।

सूर्योदय और सूर्यास्त का समय
आज सूर्योदय सुबह 6 बजकर 28 मिनट पर होगा और सूर्यास्त शाम 6 बजकर 31 मिनट पर होगा। पंचांग में सूर्योदय और सूर्यास्त का समय बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है क्योंकि इसी के आधार पर शुभ मुहूर्त और राहुकाल की गणना की जाती है।

आज का शुभ मुहूर्त
आज सुबह का समय पूजा-पाठ, दान और धार्मिक कार्यों के लिए शुभ माना जा रहा है। जो लोग व्रत या पूजा करना चाहते हैं, वे सूर्योदय के बाद शुभ समय में पूजा कर सकते हैं। शुभ योग होने के कारण आज का दिन भगवान की आराधना के लिए विशेष फलदायी माना गया है।
राहुकाल में न करें शुभ कार्य
आज राहुकाल के समय किसी भी नए या शुभ कार्य की शुरुआत करने से बचना चाहिए। राहुकाल में यात्रा, निवेश या नया काम शुरू करना अशुभ माना जाता है। इसलिए जरूरी कामों को राहुकाल के पहले या बाद में करना बेहतर होता है।

अमावस्या पर करें ये सरल उपाय
आज के दिन पीपल के पेड़ के नीचे दीपक जलाना, गरीबों को भोजन कराना और भगवान शिव या विष्णु की पूजा करना शुभ माना जाता है। इससे घर में सुख-समृद्धि आती है और नकारात्मकता दूर होती है।
यह पंचांग सामान्य ज्योतिषीय गणनाओं और मान्यताओं पर आधारित है। किसी भी महत्वपूर्ण कार्य से पहले अपने स्थानीय पंचांग या ज्योतिषाचार्य से सलाह अवश्य लें।

