पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारियों ने अब जोर पकड़ लिया है। महागठबंधन के प्रमुख घटक राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने रविवार को अपने प्रत्याशियों की पहली सूची जारी कर दी है। पार्टी ने कुल 143 सीटों पर उम्मीदवारों की घोषणा की है। वहीं, पार्टी प्रमुख तेजस्वी यादव अपने पारंपरिक सीट राघोपुर से मैदान में उतरेंगे। राजद ने गठबंधन धर्म का पालन करते हुए 100 सीटें सहयोगी दलों के लिए छोड़ी हैं।
राजद कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में राजद के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह और संगठन महासचिव आलोक मेहता ने उम्मीदवारों की सूची जारी की। इस दौरान तेजस्वी यादव भी मौजूद रहे। पार्टी ने इस सूची में युवा, महिला और पिछड़े वर्गों को खास तरजीह दी है।
तेजस्वी बोले – “जनता का भरोसा ही हमारी ताकत”
उम्मीदवारों की घोषणा के बाद तेजस्वी यादव ने कहा कि यह सूची सामाजिक न्याय और विकास की भावना को ध्यान में रखकर तैयार की गई है। उन्होंने कहा,
“बिहार की जनता ने जो भरोसा हमें 2020 में दिया था, उसे हम 2025 में विकास के वादे के साथ आगे बढ़ाएंगे। हमारा लक्ष्य बिहार को रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में अग्रणी बनाना है।”
तेजस्वी ने यह भी कहा कि राजद की टीम इस बार नए जोश के साथ मैदान में है। “हम सिर्फ सरकार बदलने नहीं, व्यवस्था बदलने निकले हैं,” उन्होंने जोड़ा।
RJD की पहली सूची में किनको मिला मौका
राजद की पहली सूची में कई पुराने चेहरों के साथ-साथ कुछ नए उम्मीदवारों को भी मौका दिया गया है। पार्टी ने लगभग हर क्षेत्र से सामाजिक संतुलन को ध्यान में रखते हुए उम्मीदवार तय किए हैं।
तेजस्वी यादव – राघोपुर
भाई वीरेंद्र – पटना साहिब ग्रामीण
अनंत सिंह की पत्नी नीलम देवी – मोकामा
भोला यादव – बहादुरपुर
ललित यादव – दरभंगा ग्रामीण
श्याम रजक – फुलवारी शरीफ
सीमा कुमारी – सीवान
सूत्रों के अनुसार, दूसरी सूची में और 20 से 25 सीटों पर उम्मीदवारों के नाम जल्द घोषित किए जाएंगे।
महिलाओं और युवाओं को 35% तक टिकट
राजद ने इस बार महिलाओं और युवाओं को बड़ी हिस्सेदारी दी है। पार्टी ने लगभग 35% टिकट युवा और महिला उम्मीदवारों को दिए हैं। तेजस्वी यादव ने कहा कि “राजनीति में युवाओं की भागीदारी ही परिवर्तन का रास्ता खोलती है।”
इसके अलावा, दलित, महादलित और अति पिछड़ा वर्ग से आने वाले उम्मीदवारों को भी प्राथमिकता दी गई है ताकि सामाजिक न्याय का संतुलन बरकरार रहे।
गठबंधन धर्म का पालन – सहयोगियों को मिली 100 सीटें
महागठबंधन की एकता बनाए रखने के लिए राजद ने अपने सहयोगियों—कांग्रेस, वाम दल और हम (हमारा अधिकार मंच)—के लिए कुल 100 सीटें छोड़ी हैं। राजद ने स्पष्ट किया है कि सीट बंटवारे को लेकर कोई विवाद नहीं है और सभी दल एकजुट होकर NDA के खिलाफ चुनाव मैदान में उतरेंगे।
राजद सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस को 50 सीटें, वाम दलों को 30 सीटें और अन्य सहयोगियों को 20 सीटें देने पर सहमति बनी है।
NDA पर हमला, नीतीश और भाजपा पर साधा निशाना
तेजस्वी यादव ने NDA पर तीखा हमला करते हुए कहा कि “भाजपा और जेडीयू की सरकार ने बिहार को सिर्फ बेरोजगारी, पलायन और भ्रष्टाचार दिया है।” उन्होंने कहा कि “अब जनता इन झूठे वादों से तंग आ चुकी है और बदलाव का मन बना चुकी है।”
तेजस्वी ने कहा कि “महागठबंधन एक विचार है — विकास, न्याय और समानता का विचार। NDA केवल सत्ता का खेल है।”
राजद का घोषणापत्र जल्द
तेजस्वी यादव ने बताया कि राजद जल्द ही घोषणापत्र जारी करेगी, जिसमें रोजगार, कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य और महिला सशक्तिकरण पर विशेष फोकस होगा। पार्टी का स्लोगन इस बार हो सकता है —
“नई सोच, नया बिहार।”
सूत्रों के अनुसार, घोषणापत्र में सरकारी नौकरियों में भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने, कृषि ऋण माफी और युवाओं के लिए ‘रोजगार गारंटी योजना’ जैसी घोषणाएं शामिल हो सकती हैं।
बिहार की जनता के लिए संदेश
राजद की उम्मीदवार सूची जारी होने के साथ ही बिहार में सियासी हलचल तेज हो गई है। NDA की ओर से अब तक उम्मीदवारों की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन भाजपा और जेडीयू दोनों ही अपने प्रत्याशियों की सूची को अंतिम रूप देने में जुटे हैं।
तेजस्वी यादव ने कहा,
“बिहार की जनता अब विकास चाहती है, जाति और धर्म की राजनीति नहीं। हम जनता के मुद्दों पर चुनाव लड़ेंगे।”
बिहार चुनाव 2025 के लिए राजद की पहली सूची ने राजनीतिक माहौल को गर्मा दिया है। अब सबकी नजर NDA की रणनीति और उम्मीदवारों की घोषणा पर टिकी है। महागठबंधन की एकजुटता और तेजस्वी यादव की लोकप्रियता इस बार क्या करिश्मा दिखाती है, यह देखना दिलचस्प होगा।

