By: Vikash Mala Mandal
देवघर ,झारखंड के देवघर स्थित विश्व प्रसिद्ध बाबा बैद्यनाथ धाम मंदिर में श्रद्धालुओं की आस्था एक बार फिर देखने को मिली, जब मंदिर के दानपात्रों को खोले जाने पर 32 लाख रुपये से अधिक की राशि प्राप्त हुई। इस दौरान भारतीय मुद्रा के साथ-साथ विदेशी करेंसी भी दान के रूप में मिली, जिसमें अमेरिकी डॉलर के अलावा पाकिस्तानी मुद्रा भी शामिल है।

मंदिर प्रशासन द्वारा बुधवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच कुल 18 दानपात्रों को खोला गया। दानपात्र खोलने की पूरी प्रक्रिया प्रशासनिक अधिकारियों की निगरानी में संपन्न कराई गई। इसके बाद सभी दान की गई राशि की गिनती की गई, जिसमें कुल 32,14,245 रुपये की राशि प्राप्त हुई।

विदेशी मुद्रा ने बढ़ाई चर्चा
दानपात्रों से निकली राशि में केवल भारतीय मुद्रा ही नहीं, बल्कि कई देशों की विदेशी करेंसी भी मिली। इनमें नेपाली मुद्रा, अमेरिकी डॉलर, यूरो और पाकिस्तानी करेंसी शामिल है। प्रशासन के अनुसार, विदेशी श्रद्धालुओं की आस्था का यह स्पष्ट प्रमाण है कि बाबा बैद्यनाथ धाम की महिमा देश ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी फैली हुई है।पाकिस्तानी मुद्रा का मिलना विशेष रूप से चर्चा का विषय बना हुआ है, क्योंकि यह दर्शाता है कि धार्मिक आस्था सीमाओं से परे है और विभिन्न देशों के लोग भी यहां श्रद्धा भाव से दान करते हैं।

सुरक्षा के बीच खोले गए दानपात्र
मंदिर प्रशासन ने दानपात्र खोलने की प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित रखने के लिए विशेष इंतजाम किए थे। पुलिस बल की तैनाती के बीच मंदिर परिसर के प्रशासनिक भवन में सभी दानपात्रों को खोला गया। दानपात्र खोलने के दौरान संबंधित विभाग के अधिकारी, मंदिर प्रबंधन समिति के सदस्य और कर्मचारी मौजूद रहे। गिनती की प्रक्रिया भी सावधानीपूर्वक की गई, ताकि किसी प्रकार की गड़बड़ी न हो।
श्रद्धालुओं की आस्था का प्रतीक
जिला प्रशासन के अनुसार, यह दान श्रद्धालुओं की गहरी आस्था और विश्वास का प्रतीक है। बाबा बैद्यनाथ धाम देश के 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक है, जहां हर साल लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। विशेष रूप से सावन, महाशिवरात्रि और अन्य धार्मिक अवसरों पर यहां श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है, जिससे मंदिर में दान की मात्रा भी बढ़ जाती है।

मंदिर विकास में होगा उपयोग
प्रशासन ने जानकारी दी है कि दान में प्राप्त राशि का उपयोग मंदिर परिसर के विकास, श्रद्धालुओं की सुविधाओं के विस्तार और विभिन्न व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने में किया जाएगा। मंदिर परिसर में साफ-सफाई, सुरक्षा व्यवस्था, पेयजल, आवासीय सुविधा और कतार प्रबंधन जैसी व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के लिए इस राशि का उपयोग किया जाएगा।
पहले भी मिल चुकी है विदेशी करेंसी
यह पहली बार नहीं है जब बाबा बैद्यनाथ धाम के दानपात्रों से विदेशी मुद्रा मिली हो। इससे पहले भी कई बार दानपात्रों में डॉलर, पाउंड, दिरहम और अन्य विदेशी करेंसी मिल चुकी है। यह दर्शाता है कि यह मंदिर केवल भारत ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी श्रद्धालुओं के बीच लोकप्रिय है।

धार्मिक पर्यटन को मिल रहा बढ़ावा
देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम झारखंड के प्रमुख धार्मिक पर्यटन स्थलों में शामिल है। यहां आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिल रही है। होटल, परिवहन, प्रसाद, फूल-माला और अन्य व्यवसायों को भी इससे लाभ मिलता है। सरकार और प्रशासन भी इस क्षेत्र को धार्मिक पर्यटन के रूप में विकसित करने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं।

प्रशासन की अपील
मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे दान करते समय निर्धारित व्यवस्था का पालन करें और मंदिर की पवित्रता बनाए रखें। साथ ही किसी भी प्रकार की अफवाह या गलत सूचना से बचने की भी सलाह दी गई है।

