By: Vikash Mala Mandal
देवघर जिले के स्वास्थ्य विभाग में एक नई शुरुआत के तहत नए सिविल सर्जन डॉ. रमेश प्रसाद ने बुधवार की देर शाम अपने पद का कार्यभार ग्रहण कर लिया। गुरुवार को उनके कार्यालय का पहला आधिकारिक दिन रहा, जहां जिला झासा (झारखंड स्वास्थ्य सेवा संघ) संगठन के पदाधिकारियों और चिकित्सकों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस अवसर पर उन्हें पुष्प गुच्छ भेंट कर सम्मानित किया गया और उनके सफल कार्यकाल के लिए शुभकामनाएं दी गईं।

जिला स्वास्थ्य व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। डॉ. रमेश प्रसाद के आगमन से जिले के स्वास्थ्य सेवाओं में नई ऊर्जा और बेहतर प्रबंधन की उम्मीद जताई जा रही है।
गुरुवार को सिविल सर्जन कार्यालय में आयोजित स्वागत कार्यक्रम में झासा संगठन के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और चिकित्सक उपस्थित रहे। संयुक्त रूप से स्वागत करने वालों में झासा के राज्य संयोजक डॉ. शरद कुमार, जिला अध्यक्ष डॉ. अभय यादव, सचिव डॉ. प्रभात रंजन, जिला कार्यकारिणी सदस्य डॉ. अनुराधा कुमारी, डॉ. शालिनी कुमारी, हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. रविजीत प्रकाश, सर्जन डॉ. रवि कुमार तथा संथाल परगना प्रमंडल के कार्यकारिणी सदस्य डॉ. चितरंजन कुमार पंकज शामिल थे। सभी ने एकजुट होकर नए सिविल सर्जन का अभिनंदन किया और उन्हें पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।

इस मौके पर सिविल सर्जन डॉ. रमेश प्रसाद ने अपने संबोधन में कहा कि वे जल्द ही जिले में पदस्थापित सभी चिकित्सकों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित करेंगे। इस बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की जाएगी और आवश्यक सुधारों पर चर्चा होगी। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि उनका प्राथमिक लक्ष्य जिले में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करना और मरीजों को गुणवत्तापूर्ण इलाज उपलब्ध कराना है।
उन्होंने कहा, “हम सब मिलकर एक सकारात्मक और सहयोगात्मक वातावरण में कार्य करेंगे, ताकि जिले की स्वास्थ्य सेवाएं और बेहतर बन सकें। मेरा प्रयास रहेगा कि कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बनी रहे और ऐसी व्यवस्था विकसित हो जिससे शिकायतों की गुंजाइश कम से कम हो।”

डॉ. रमेश प्रसाद ने यह भी कहा कि चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मियों के बीच समन्वय स्थापित करना उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने भरोसा जताया कि यदि सभी मिलकर कार्य करें, तो देवघर जिले को स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक आदर्श जिले के रूप में विकसित किया जा सकता है।
वहीं, झासा संगठन के राज्य संयोजक डॉ. शरद कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि सिविल सर्जन जिला संगठन के पदेन संरक्षक होते हैं। उनके नेतृत्व और मार्गदर्शन में जिले के सभी चिकित्सा पदाधिकारी बेहतर कार्य करने के लिए प्रेरित होते हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि डॉ. रमेश प्रसाद के अनुभव का लाभ जिले को अवश्य मिलेगा और स्वास्थ्य व्यवस्था में सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा।

जिला अध्यक्ष डॉ. अभय यादव और सचिव डॉ. प्रभात रंजन ने भी नए सिविल सर्जन के प्रति अपनी उम्मीदें जाहिर करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा। उन्होंने कहा कि संगठन हमेशा प्रशासन के साथ मिलकर कार्य करेगा और हर स्तर पर सहयोग प्रदान करेगा।
स्वास्थ्य विभाग के जानकारों का मानना है कि डॉ. रमेश प्रसाद के नेतृत्व में जिले में स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता, जवाबदेही और दक्षता बढ़ेगी। वर्तमान समय में जहां स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर आम जनता की अपेक्षाएं लगातार बढ़ रही हैं, ऐसे में एक अनुभवी और सक्रिय सिविल सर्जन की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है।

देवघर जैसे महत्वपूर्ण जिले में स्वास्थ्य सेवाओं का बेहतर संचालन प्रशासन की प्राथमिकता में शामिल है। यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए आते हैं, ऐसे में अस्पतालों में व्यवस्था, दवाओं की उपलब्धता, डॉक्टरों की उपस्थिति और आपातकालीन सेवाओं का सुचारू संचालन सुनिश्चित करना आवश्यक होता है।
नए सिविल सर्जन के रूप में डॉ. रमेश प्रसाद के सामने कई चुनौतियां हैं, लेकिन उनके अनुभव और सकारात्मक दृष्टिकोण को देखते हुए यह उम्मीद की जा रही है कि वे इन चुनौतियों का सफलतापूर्वक सामना करेंगे और जिले के स्वास्थ्य क्षेत्र में एक नई दिशा प्रदान करेंगे।

कुल मिलाकर, डॉ. रमेश प्रसाद का पदभार ग्रहण करना और पहले ही दिन झासा संगठन द्वारा उनका स्वागत किया जाना इस बात का संकेत है कि स्वास्थ्य विभाग और चिकित्सकों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित होगा। इससे न केवल स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा, बल्कि आम जनता को भी इसका सीधा लाभ मिलेगा।

