By: Vikash Kumar (Vicky)
झारखंड में मौसम का मिजाज अचानक बदल गया है और इसका मुख्य कारण बंगाल की खाड़ी में बन रहा निम्न दबाव (लो प्रेशर) सिस्टम है। मौसम विभाग की तमाम रिपोर्ट्स के अनुसार यह लो प्रेशर एरिया धीरे-धीरे सक्रिय हो रहा है और इससे राज्य के विभिन्न हिस्सों में बादलों की गतिविधि बढ़ी है, तेज हवाएं चल रही हैं और बारिश की संभावना बन रही है। मौसम में इस बदलाव के परिणामस्वरूप तापमान गिर रहा है और ठंडी हवाओं के साथ बारिश का असर भी देखा जा रहा है।

बंगाल की खाड़ी में बनने वाले लो प्रेशर सिस्टम का प्रभाव झारखंड के मौसम पर उभरकर दिखाई दे रहा है, जिससे 23 और 24 फरवरी के दौरान राज्य के कई इलाकों में हल्की बूंदाबांदी और गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना जताई जा रही है। स्थानीय मौसम विज्ञानियों ने बताया है कि यह प्रणाली राज्य के मौसम को अस्थिर कर रही है, जिससे दिन और रात के तापमान में अंतर बढ़ रहा है और लोगों को ठंड का अधिक अनुभव हो रहा है।

मौसम केंद्रों का कहना है कि यह लो प्रेशर सिस्टम फिलहाल बंगाल की खाड़ी और उसके आसपास बन रहा है और इसके प्रभाव से झारखंड समेत आसपास के क्षेत्र भी प्रभावित हो रहे हैं। तेज हवाओं के साथ बादलों की गतिविधि अधिक होने से बारिश और हल्की ठंडी हवाओं का प्रभाव रखा जा सकता है। मौसम की इस अनिश्चितता के बीच स्वास्थ्य और यात्रा से जुड़े निर्णयों में विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी जा रही है, क्योंकि अचानक मौसम परिवर्तन से मौसमी बीमारियों का खतरा भी बढ़ सकता है।

हालांकि यह सिस्टम चक्रवाती तूफान नहीं है, लेकिन इसका असर समान रूप से बारिश, तेज हवाओं और तापमान में गिरावट के रूप में सामने आ रहा है। आम लोगों को मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों पर ध्यान देने और आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी जा रही है ताकि अवांछित प्रभावों से सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

इस मौसम अपडेट से यह स्पष्ट होता है कि बंगाल की खाड़ी में सक्रिय लो प्रेशर सिस्टम के कारण झारखंड के मौसम में बदलाव जारी है, जिससे राज्य में सामान्य से अधिक ठंड, तेज हवाएं और बारिश की स्थिति बनी हुई है।
यह मौसम अपडेट उपलब्ध स्रोतों और मौसम विभाग की रिपोर्टों पर आधारित है। स्थानीय मौसम परिस्थितियों में समय के अनुसार बदलाव संभव हैं। अंतिम निर्णय या योजना बनाने से पहले भारतीय मौसम विभाग (IMD) की ताजा चेतावनी अवश्य देखें।

