By: Vikash Mala Mandal
रांची। झारखंड की राजधानी रांची में आगामी रामनवमी महोत्सव को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में विभिन्न रामनवमी समितियों एवं प्रतिनिधिमंडलों ने शिष्टाचार भेंट कर उन्हें 27 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली भव्य शोभायात्रा में शामिल होने का आमंत्रण दिया।

प्रतिनिधिमंडलों द्वारा दिए गए इस आमंत्रण को मुख्यमंत्री ने हर्षपूर्वक स्वीकार किया और सभी सदस्यों को रामनवमी की अग्रिम शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि रामनवमी केवल एक धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि समाज में आपसी भाईचारे, एकता और सौहार्द का प्रतीक है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर विशेष रूप से शांति और सद्भाव बनाए रखने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि रामनवमी जैसे बड़े पर्व के दौरान सभी लोगों को जिम्मेदारी के साथ अपनी भूमिका निभानी चाहिए, ताकि पूरे राज्य में सौहार्दपूर्ण वातावरण बना रहे। उन्होंने प्रतिनिधिमंडलों के सदस्यों एवं प्रशासनिक अधिकारियों से आग्रह किया कि वे आपसी समन्वय बनाकर कार्य करें और किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकने के लिए सतर्क रहें।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि पर्व के दौरान असामाजिक तत्वों पर विशेष नजर रखना आवश्यक है। उन्होंने प्रशासन को निर्देश दिया कि संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष चौकसी बरती जाए और पुलिस-प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड में रहे। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि सभी त्योहार शांतिपूर्ण और सुरक्षित वातावरण में संपन्न हों।

रामनवमी को लेकर रांची शहर में विशेष उत्साह देखा जा रहा है। हर वर्ष की तरह इस बार भी विभिन्न समितियों द्वारा भव्य शोभायात्रा की तैयारी की जा रही है। शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरने वाली इस शोभायात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं। विभिन्न झांकियां, अखाड़ा प्रदर्शन और धार्मिक झंडों के साथ निकलने वाली यह यात्रा शहर की सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी है।
प्रतिनिधिमंडलों ने मुख्यमंत्री को बताया कि इस वर्ष शोभायात्रा को और अधिक भव्य और आकर्षक बनाने की योजना बनाई गई है। इसके तहत विभिन्न स्थानों पर स्वागत द्वार बनाए जाएंगे, सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे और सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जाएंगे। साथ ही साफ-सफाई, पेयजल और यातायात व्यवस्था को भी बेहतर बनाने पर जोर दिया जा रहा है।

इस अवसर पर विभिन्न समितियों के पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। इनमें महावीर मंडल महानगर समिति के अध्यक्ष कुणाल अजमानी, संरक्षक पवन बजाज, प्रवक्ता बादल सिंह, महावीर मंडल केंद्रीय समिति के अध्यक्ष सागर वर्मा, मंत्री नितेश यादव, पूर्व अध्यक्ष जयसिंह यादव, पूर्व मंत्री सतीश यादव, रामनवमी श्रृंगार समिति महावीर चौक के अध्यक्ष बबलू यादव, मंत्री अजय वर्मा, मुख्य संयोजक शंकर सिंह, मुख्य संरक्षक रिंकू वर्मा, महावीर मंडल तपोवन मंदिर निवारणपुर के अध्यक्ष सुशील दुबे, सचिव राजीव रंजन, सह सचिव अभिषेक सिंह, डोरंडा महावीर मंडल समिति के अध्यक्ष आलोक दुबे, संरक्षक संजीत यादव तथा केंद्रीय शांति समिति के सदस्य सागर कुमार शामिल थे।

इसके अलावा, बैठक में रांची के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन भी मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को भरोसा दिलाया कि रामनवमी महोत्सव के दौरान सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को लेकर पूरी तैयारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि पुलिस बल की तैनाती, ट्रैफिक मैनेजमेंट, सीसीटीवी निगरानी और संवेदनशील इलाकों में विशेष गश्ती की व्यवस्था की जाएगी।
प्रशासन की ओर से यह भी सुनिश्चित किया जा रहा है कि शोभायात्रा के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो। इसके लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित किया जा रहा है। नगर निगम, स्वास्थ्य विभाग, बिजली विभाग और जलापूर्ति विभाग को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

रामनवमी महोत्सव को लेकर स्थानीय लोगों में भी खासा उत्साह है। बाजारों में सजावट शुरू हो चुकी है और धार्मिक झंडे, पूजा सामग्री तथा पारंपरिक वस्तुओं की बिक्री बढ़ गई है। युवाओं और सामाजिक संगठनों द्वारा भी आयोजन को सफल बनाने के लिए सक्रिय भागीदारी निभाई जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बड़े धार्मिक आयोजन न केवल सांस्कृतिक एकता को मजबूत करते हैं, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी गति प्रदान करते हैं। होटल, परिवहन, खान-पान और छोटे व्यापारियों को इससे लाभ मिलता है।
कुल मिलाकर, रांची में रामनवमी महोत्सव 2026 को लेकर प्रशासन और समाज दोनों स्तरों पर व्यापक तैयारी की जा रही है। मुख्यमंत्री के निर्देश और प्रशासन की सक्रियता से यह उम्मीद जताई जा रही है कि यह पर्व शांति, सद्भाव और उत्साह के साथ संपन्न होगा।

