नई दिल्ली। देशभर में सफर करने वाले वाहन चालकों के लिए एक बड़ा बदलाव होने जा रहा है। केंद्र सरकार ने टोल प्लाजा पर भुगतान व्यवस्था को पूरी तरह डिजिटल बनाने की दिशा में अहम कदम उठाया है। अब आने वाले दिनों में देश के अधिकांश टोल प्लाजा पर कैश भुगतान पूरी तरह बंद किया जाएगा। इसके बजाय वाहन चालकों को केवल FASTag या UPI जैसे डिजिटल माध्यमों से ही टोल टैक्स का भुगतान करना होगा।
इस फैसले का उद्देश्य टोल प्लाजा पर लगने वाली लंबी कतारों को खत्म करना, ट्रैफिक जाम कम करना और डिजिटल इंडिया मिशन को और मजबूती देना है। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के अनुसार, डिजिटल भुगतान से टोल संग्रह अधिक पारदर्शी होगा और समय की भी बचत होगी।

क्यों लिया गया यह फैसला?
देश में हर दिन लाखों वाहन राष्ट्रीय और राज्यीय राजमार्गों से गुजरते हैं। कैश भुगतान के कारण टोल प्लाजा पर रुकने में समय लगता है, जिससे ईंधन की खपत बढ़ती है और प्रदूषण भी होता है। FASTag और UPI से भुगतान करने पर वाहन बिना रुके या बहुत कम समय में टोल पार कर सकते हैं।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, FASTag लागू होने के बाद टोल कलेक्शन में बढ़ोतरी हुई है और फर्जीवाड़े की घटनाओं में भी कमी आई है। अब सरकार चाहती है कि कैश की जरूरत पूरी तरह खत्म कर दी जाए।
कब से लागू होगा नया नियम?
सूत्रों के मुताबिक, यह नई व्यवस्था अगले कुछ महीनों में चरणबद्ध तरीके से लागू की जाएगी। पहले चरण में व्यस्त राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेसवे के टोल प्लाजा पर कैश बंद किया जाएगा। इसके बाद धीरे-धीरे सभी टोल प्लाजा को डिजिटल भुगतान प्रणाली से जोड़ा जाएगा।
हालांकि, सरकार की ओर से अभी अंतिम तारीख की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन संकेत साफ हैं कि 2026 के भीतर अधिकांश टोल प्लाजा कैशलेस हो जाएंगे।

FASTag और UPI कैसे करेंगे काम?
FASTag एक इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन सिस्टम है, जिसे वाहन के शीशे पर लगाया जाता है। जैसे ही वाहन टोल प्लाजा से गुजरता है, टोल राशि अपने आप लिंक किए गए बैंक खाते या वॉलेट से कट जाती है।
वहीं, UPI के जरिए वाहन चालक QR कोड स्कैन कर तुरंत भुगतान कर सकेंगे। यह सुविधा उन लोगों के लिए खास होगी जिनके पास FASTag नहीं है या जिनका FASTag काम नहीं कर रहा।
अगर FASTag नहीं हुआ तो?
यदि किसी वाहन में FASTag नहीं है, तो उसे टोल प्लाजा पर परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। नियमों के अनुसार, बिना FASTag वाले वाहनों से दोगुना टोल शुल्क वसूला जा सकता है। ऐसे में वाहन चालकों को सलाह दी जा रही है कि वे जल्द से जल्द FASTag लगवा लें।
FASTag कहां से बनवाएं?
FASTag देश के लगभग सभी बड़े बैंकों, पेट्रोल पंपों, टोल प्लाजा और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर उपलब्ध है। इसे बनवाने की प्रक्रिया बेहद आसान है और कुछ ही मिनटों में FASTag एक्टिवेट हो जाता है।
डिजिटल इंडिया की ओर एक और कदम
सरकार का मानना है कि टोल प्लाजा को पूरी तरह कैशलेस बनाने से न केवल राजस्व संग्रह बेहतर होगा, बल्कि भ्रष्टाचार पर भी लगाम लगेगी। साथ ही, यह कदम डिजिटल इंडिया अभियान को नई गति देगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले समय में टोल प्लाजा पर ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रीडिंग (ANPR) जैसी नई तकनीक भी लागू की जा सकती है, जिससे टोल भुगतान और भी आसान हो जाएगा।
वाहन चालकों के लिए जरूरी सलाह
* अपने FASTag को समय-समय पर रिचार्ज रखें
* बैंक खाते या वॉलेट को FASTag से लिंक रखें
* UPI ऐप अपडेट रखें
* यात्रा से पहले टोल भुगतान से जुड़े नियमों की जानकारी लें
देशभर के टोल प्लाजा पर कैश बंद करने का फैसला एक बड़ा और जरूरी कदम माना जा रहा है। इससे जहां यात्रियों का समय बचेगा, वहीं सरकार को भी टोल संग्रह में पारदर्शिता मिलेगी। ऐसे में वाहन चालकों को अभी से डिजिटल भुगतान के लिए तैयार हो जाना चाहिए।

