By: Vikash Kumar (Vicky)
देवघर। जिले में चौकीदार एवं होमगार्ड के रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया को तेज करने के उद्देश्य से मंगलवार को समाहरणालय में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी नमन प्रियेश लकड़ा ने की। इस दौरान जिले में लंबित पड़ी नियुक्ति प्रक्रिया की विस्तृत समीक्षा की गई और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

बैठक के दौरान उपायुक्त ने स्पष्ट रूप से कहा कि जिले में शेष बचे चौकीदार एवं होमगार्ड के रिक्त पदों को जल्द से जल्द भरना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने अब तक की प्रगति पर संतोष जताते हुए कहा कि जहां प्रक्रिया धीमी है, वहां तेजी लाने की जरूरत है। इसके लिए संबंधित विभागों को आपसी समन्वय बनाकर कार्य करने का निर्देश दिया गया।

उपायुक्त ने कहा कि भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष होनी चाहिए, ताकि योग्य अभ्यर्थियों को ही अवसर मिल सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि भर्ती से जुड़े सभी चरणों—जैसे विज्ञापन जारी करना, आवेदन प्रक्रिया, दस्तावेजों का सत्यापन एवं भौतिक परीक्षण—के लिए स्पष्ट समय-सीमा तय की जाए। इससे पूरी प्रक्रिया निर्धारित समय के भीतर पूरी हो सकेगी और किसी प्रकार की अनावश्यक देरी नहीं होगी।
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि भर्ती प्रक्रिया से जुड़ी सभी सूचनाएं आम जनता तक समय पर पहुंचाई जाएं, ताकि इच्छुक अभ्यर्थी समय पर आवेदन कर सकें। इसके लिए सूचना विभाग एवं संबंधित शाखाओं को सक्रिय भूमिका निभाने को कहा गया। साथ ही, ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से आवेदन की सुविधा सुनिश्चित करने पर भी चर्चा की गई।

उपायुक्त ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि आवेदन प्राप्त होने के बाद उसकी जांच प्रक्रिया को अत्यंत सावधानीपूर्वक किया जाए। किसी भी प्रकार की त्रुटि या लापरवाही से बचने के लिए आवश्यक सतर्कता बरती जाए। उन्होंने कहा कि चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सभी चरणों का रिकॉर्ड व्यवस्थित तरीके से संधारित किया जाए।
बैठक के दौरान भौतिक सत्यापन प्रक्रिया को लेकर भी विस्तार से चर्चा की गई। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि अभ्यर्थियों की शारीरिक दक्षता एवं अन्य आवश्यक मानकों की जांच निष्पक्ष तरीके से की जाए। इसके लिए अनुभवी अधिकारियों की निगरानी में पूरी प्रक्रिया संचालित करने को कहा गया।

इसके अलावा उपायुक्त ने यह भी स्पष्ट किया कि भर्ती प्रक्रिया में किसी प्रकार की अनियमितता या शिकायत मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि कार्य में लापरवाही या पारदर्शिता में कमी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

बैठक में उप विकास आयुक्त पीयूष सिन्हा, अपर समाहर्ता हीरा कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी रवि कुमार, जिला आपूर्ति पदाधिकारी, जिला सामान्य शाखा प्रभारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे। सभी अधिकारियों ने अपने-अपने विभाग से संबंधित प्रगति की जानकारी साझा की और आगे की कार्ययोजना पर चर्चा की।
जिला प्रशासन का मानना है कि चौकीदार और होमगार्ड जैसे पद ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में इन पदों पर समय पर नियुक्ति से न केवल कानून-व्यवस्था बेहतर होगी, बल्कि स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर भी मिलेंगे।

अंत में उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे आपसी समन्वय और जिम्मेदारी के साथ कार्य करें, ताकि भर्ती प्रक्रिया को समय पर और सफलतापूर्वक पूरा किया जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि प्रशासन का उद्देश्य एक पारदर्शी, निष्पक्ष और समयबद्ध नियुक्ति प्रक्रिया सुनिश्चित करना है, जिससे जनता का भरोसा बना रहे।

