By: Vikash Kumar Raut (Vicky)
नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर में मंगलवार को मौसम ने अचानक करवट ले ली। सुबह से आसमान में घने बादल छाए रहे और कई इलाकों में तेज हवाओं के साथ झमाझम बारिश शुरू हो गई। मौसम विभाग (IMD) ने दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद, फरीदाबाद और आसपास के कई क्षेत्रों के लिए अगले कुछ घंटों तक तेज बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना जताई है। विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी है।

भारतीय मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ और सक्रिय मानसूनी प्रणाली के प्रभाव से दिल्ली-एनसीआर के मौसम में यह बदलाव देखने को मिला है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले कुछ घंटों तक कई इलाकों में मध्यम से भारी बारिश हो सकती है। इसके साथ ही 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।

बारिश शुरू होने के बाद राजधानी दिल्ली के कई हिस्सों में तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई। बीते कुछ दिनों से पड़ रही उमस भरी गर्मी से लोगों को राहत मिली है। तेज हवाओं और ठंडी बारिश के कारण मौसम पूरी तरह सुहावना हो गया है।
मौसम विभाग ने जिन क्षेत्रों के लिए अलर्ट जारी किया है उनमें नई दिल्ली, मध्य दिल्ली, दक्षिण दिल्ली, पश्चिम दिल्ली, उत्तर-पश्चिम दिल्ली, पूर्वी दिल्ली, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद, फरीदाबाद और आसपास के इलाके शामिल हैं। इन क्षेत्रों में गरज के साथ बारिश और बिजली चमकने की संभावना बनी हुई है।

बारिश के कारण कई प्रमुख सड़कों पर जलभराव की स्थिति भी देखने को मिल सकती है। ऐसे में वाहन चालकों को सावधानीपूर्वक वाहन चलाने की सलाह दी गई है। ट्रैफिक पुलिस ने भी लोगों से अपील की है कि बारिश के दौरान जलभराव वाले मार्गों से बचें और ट्रैफिक एडवाइजरी का पालन करें।
विशेषज्ञों का कहना है कि बारिश के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों के नीचे और बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचना चाहिए। तेज हवाओं के कारण कमजोर पेड़ या होर्डिंग गिरने का भी खतरा बना रहता है। ऐसे में सुरक्षा को प्राथमिकता देना बेहद जरूरी है।

मौसम विभाग ने किसानों और निर्माण कार्यों से जुड़े लोगों को भी सतर्क रहने की सलाह दी है। तेज बारिश और हवाओं के कारण खुले में रखी सामग्री को सुरक्षित स्थान पर रखने की आवश्यकता है। वहीं, लोगों से इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का उपयोग सावधानी से करने की अपील भी की गई है।
दिल्ली-एनसीआर में मानसून की सक्रियता बढ़ने के साथ आने वाले दिनों में भी रुक-रुककर बारिश होने की संभावना जताई गई है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि जुलाई की शुरुआत में भी राजधानी और आसपास के क्षेत्रों में बादल छाए रहेंगे तथा कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है।

बारिश के कारण वायु गुणवत्ता में भी सुधार की संभावना है। विशेषज्ञों के अनुसार लगातार बारिश होने से हवा में मौजूद धूल और प्रदूषण के कण नीचे बैठ जाते हैं, जिससे एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) में सुधार देखने को मिलता है। इससे सांस संबंधी समस्याओं से जूझ रहे लोगों को भी राहत मिल सकती है।

हालांकि बारिश राहत लेकर आई है, लेकिन इसके साथ कई चुनौतियां भी सामने आती हैं। जलभराव, ट्रैफिक जाम, बिजली आपूर्ति में बाधा और सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।

मौसम विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे मौसम से जुड़ी ताजा जानकारी पर नजर रखें और अफवाहों पर ध्यान न दें। यदि बहुत जरूरी न हो तो खराब मौसम के दौरान यात्रा करने से बचें। बिजली चमकने के समय खुले मैदानों में जाने से बचना चाहिए और सुरक्षित स्थान पर ही रहना चाहिए।

दिल्ली-एनसीआर में मौसम का यह बदलाव लोगों के लिए राहत लेकर आया है। भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों को बारिश ने राहत दी है, लेकिन प्रशासन और नागरिकों दोनों के लिए सतर्क रहना भी उतना ही जरूरी है। मौसम विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और समय-समय पर अपडेट जारी कर रहा है।

