By: Vikash Kumar Raut (Vicky)
Aaj Ka Panchang 07 June 2026: रविवार, 7 जून 2026 का दिन धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आज ज्येष्ठ माह के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि है, जिसे भानु सप्तमी के रूप में भी जाना जाता है। सूर्य देव की आराधना के लिए यह दिन विशेष फलदायी माना जाता है। आज के दिन रवि योग का निर्माण हो रहा है, वहीं भद्रा और पंचक का प्रभाव भी बना रहेगा। ऐसे में शुभ कार्यों, पूजा-पाठ, यात्रा और नए कार्यों की शुरुआत से पहले दिन के शुभ-अशुभ मुहूर्त की जानकारी होना आवश्यक है।

वैदिक ज्योतिष के अनुसार रवि योग को अत्यंत शुभ योगों में गिना जाता है। इस योग में किए गए कार्यों में सफलता मिलने की संभावना बढ़ जाती है और कई प्रकार के दोषों का प्रभाव भी कम हो जाता है। हालांकि भद्रा और पंचक जैसे योगों के कारण कुछ कार्यों में सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
आज की तिथि और वार
आज रविवार का दिन है, जो सूर्य देव को समर्पित माना जाता है। ज्येष्ठ मास के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि आज धार्मिक दृष्टि से विशेष महत्व रखती है। भानु सप्तमी के अवसर पर सूर्य भगवान को अर्घ्य देने और आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करने से विशेष पुण्य फल प्राप्त होता है।
आज का शुभ योग
आज रवि योग का निर्माण हो रहा है। ज्योतिष शास्त्र में रवि योग को कार्य सिद्धि और सफलता का कारक माना गया है। इस योग में किए गए मांगलिक कार्य, व्यापारिक निर्णय, निवेश और धार्मिक अनुष्ठान शुभ फल प्रदान कर सकते हैं।

भद्रा का प्रभाव
आज भद्रा का प्रभाव भी रहेगा। ज्योतिष में भद्रा काल के दौरान विवाह, गृह प्रवेश, मुंडन और अन्य मांगलिक कार्यों को टालने की सलाह दी जाती है। हालांकि पूजा-पाठ, साधना और कुछ विशेष धार्मिक कार्य इस दौरान किए जा सकते हैं।
पंचक का रहेगा प्रभाव
आज पंचक भी प्रभावी रहेगा। मान्यता है कि पंचक के दौरान कुछ विशेष कार्यों को करने से बचना चाहिए। विशेष रूप से घर की छत बनवाना, लकड़ी संग्रह करना और दक्षिण दिशा की यात्रा जैसे कार्य पंचक में वर्जित माने जाते हैं।

सूर्योदय और सूर्यास्त का समय
सूर्योदय: प्रातः 5:23 बजे
सूर्यास्त: सायं 6:43 बजे
चंद्रोदय और चंद्रास्त
चंद्रोदय: रात्रि में
चंद्रास्त: दिन के अनुसार
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर लगभग 11:55 बजे से 12:50 बजे तक
अभिजीत मुहूर्त को दिन का सबसे शुभ समय माना जाता है। यदि किसी महत्वपूर्ण कार्य के लिए अलग से शुभ मुहूर्त उपलब्ध न हो तो इस अवधि में कार्य प्रारंभ किया जा सकता है।

आज का राहुकाल
रविवार को राहुकाल सायंकाल लगभग 4:30 बजे से 6:00 बजे तक माना जाता है। इस दौरान नए कार्यों की शुरुआत, निवेश और शुभ यात्रा से बचने की सलाह दी जाती है।
यमगण्ड काल
दोपहर लगभग 12:00 बजे से 1:30 बजे तक
गुलिक काल
दोपहर लगभग 3:00 बजे से 4:30 बजे तक

आज का शुभ समय
प्रातः काल पूजा-पाठ, दान और सूर्य उपासना के लिए विशेष रूप से शुभ माना जाएगा। रवि योग के प्रभाव से दिन के अधिकांश समय में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहेगी।
भानु सप्तमी का धार्मिक महत्व
भानु सप्तमी को सूर्य भगवान की विशेष कृपा प्राप्त करने का दिन माना जाता है। इस दिन स्नान के बाद तांबे के पात्र में जल, लाल पुष्प और अक्षत डालकर सूर्य देव को अर्घ्य देने से स्वास्थ्य, यश और समृद्धि की प्राप्ति होती है। कई श्रद्धालु इस दिन व्रत रखकर सूर्य मंत्रों का जाप भी करते हैं।

आज करें ये उपाय
सुबह सूर्य देव को जल अर्पित करें।
आदित्य हृदय स्तोत्र या गायत्री मंत्र का जाप करें।
जरूरतमंद लोगों को गेहूं, गुड़ या लाल वस्त्र का दान करें।
सूर्य संबंधित दोषों से मुक्ति के लिए तांबे का दान करना शुभ माना जाता है।
7 जून 2026 का दिन भानु सप्तमी, रवि योग, भद्रा और पंचक के विशेष संयोग के कारण ज्योतिषीय दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। जहां रवि योग सफलता और शुभता प्रदान करेगा, वहीं भद्रा और पंचक के कारण कुछ कार्यों में सावधानी बरतने की आवश्यकता होगी। किसी भी शुभ कार्य से पहले पंचांग और मुहूर्त का ध्यान रखना लाभकारी साबित हो सकता है।
यह लेख धार्मिक मान्यताओं, पंचांग गणनाओं और ज्योतिषीय आधारों पर तैयार किया गया है। विभिन्न क्षेत्रों के अनुसार तिथि, मुहूर्त और समय में आंशिक अंतर संभव है। किसी महत्वपूर्ण धार्मिक या मांगलिक कार्य से पहले स्थानीय पंचांग या योग्य ज्योतिषाचार्य से परामर्श अवश्य करें।

