By: Vikash Kumar (Vicky)

देवघर।पर्यावरण संरक्षण और पक्षियों के अस्तित्व को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से जय श्री राम युवा एकता ग्रुप की ओर से लगातार तीसरे वर्ष पौधरोपण अभियान चलाया गया। इस वर्ष भी ग्रुप के युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए ग्राम गुणोंडी, संग्रामलोढ़िया पंचायत में 15 पौधे लगाए। इस पहल का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण को हरा-भरा बनाना, पक्षियों के लिए प्राकृतिक आवास तैयार करना तथा समाज में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
वर्तमान समय में तेजी से घटते पेड़-पौधों और प्राकृतिक आवासों के कारण पक्षियों के सामने भोजन और सुरक्षित आश्रय की समस्या बढ़ रही है। ऐसे में फलदार वृक्षों का रोपण पक्षियों के संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकता है। इसी सोच के साथ जय श्री राम युवा एकता ग्रुप ने पौधरोपण को केवल एक दिन का कार्यक्रम न बनाकर लगातार तीसरे वर्ष भी इस अभियान को आगे बढ़ाया। कार्यक्रम में शामिल युवाओं ने पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझने और आने वाले समय में भी इस तरह की गतिविधियों को जारी रखने का संकल्प लिया।

अध्यक्ष दयानंद कुमार ने की कार्यक्रम की शुरुआत
कार्यक्रम की शुरुआत जय श्री राम युवा एकता ग्रुप के अध्यक्ष दयानंद कुमार ने की। उन्होंने सबसे पहले उपस्थित युवाओं को शारीरिक व्यायाम कराया। इसके बाद उन्होंने पक्षियों की घटती संख्या, उनके प्राकृतिक आवास में आ रही कमी और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में पेड़-पौधों की भूमिका पर विस्तार से चर्चा की।
दयानंद कुमार ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि यदि हमें अपने आसपास पक्षियों की चहचहाहट फिर से सुननी है और उनके लिए सुरक्षित वातावरण तैयार करना है, तो फलदार वृक्षों को लगाने के साथ उनका संरक्षण भी करना होगा। पेड़-पौधे पक्षियों को आश्रय देने के साथ-साथ उनके लिए भोजन की व्यवस्था करने में भी सहायक होते हैं। इसलिए केवल पौधे लगाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल करना भी जरूरी है।
उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे अपने आसपास अधिक से अधिक पौधे लगाएं और दूसरे लोगों को भी पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित करें। उनके अनुसार, प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता और सामूहिक प्रयासों से ही पर्यावरण को सुरक्षित रखा जा सकता है।

स्वास्थ्य और पर्यावरण दोनों के प्रति जागरूक रहने का संदेश
ग्रुप के सचिव दारोगा कुमार मंडल ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी युवाओं का अभिनंदन किया। उन्होंने अपने संबोधन में शारीरिक स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण के बीच संबंध को रेखांकित करते हुए युवाओं से दोनों के प्रति सचेत रहने की अपील की।
उन्होंने कहा कि यदि हम अपने स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करते हैं, तो अपने शरीर को नुकसान पहुंचाते हैं। वहीं, यदि हम पर्यावरण के साथ खिलवाड़ करते हैं, तो हमारे जीवन पर संकट खड़ा हो सकता है। इसलिए स्वस्थ शरीर और सुरक्षित पर्यावरण, दोनों का परस्पर ध्यान रखना आवश्यक है।
दारोगा कुमार मंडल ने युवाओं को नियमित व्यायाम करने, अपनी दिनचर्या में अच्छी आदतें अपनाने और प्रकृति के संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि पर्यावरण को सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी केवल किसी एक व्यक्ति या संस्था की नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक की है। जब युवा इस दिशा में आगे आते हैं, तो समाज में सकारात्मक बदलाव की संभावनाएं बढ़ जाती हैं।

युवाओं को नियमित व्यायाम और लक्ष्य के प्रति सजग रहने की प्रेरणा
जय श्री राम युवा एकता ग्रुप के उपकोषाध्यक्ष छोटू कुमार ने अध्यक्ष दयानंद कुमार के साथ मिलकर उपस्थित युवाओं को शारीरिक व्यायाम का अभ्यास कराया। उन्होंने युवाओं को अपने लक्ष्य के प्रति सजग रहने और जीवन में आने वाली चुनौतियों का सामना करने के लिए हमेशा तैयार रहने का संदेश दिया।
उन्होंने कहा कि युवाओं को शारीरिक रूप से स्वस्थ रहने के साथ मानसिक रूप से भी मजबूत बनना चाहिए। अनुशासन, नियमित अभ्यास और सामूहिक सहयोग से किसी भी लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है। इस तरह के कार्यक्रम युवाओं में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को भी मजबूत करते हैं।

पौधरोपण की गतिविधियां सदस्यों की देखरेख में संपन्न
ग्रुप के सदस्य चुनचुन कुमार ने पौधरोपण से संबंधित गतिविधियों को अपनी देखरेख में संपन्न कराया। उन्होंने उपस्थित युवाओं को वृक्षों के प्रति अपने कर्तव्यों और पौधों की देखभाल के महत्व के बारे में बताया। पौधों को सुरक्षित रखना, समय-समय पर पानी देना और उनके विकास पर ध्यान देना पर्यावरण संरक्षण के अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

इस दौरान ग्रुप के सदस्य चंदन कुमार ने भी अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपना योगदान दिया। सभी सदस्यों ने मिलकर 15 पौधे लगाए। कार्यक्रम के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्र में हरियाली बढ़ाने और पक्षियों के लिए अनुकूल प्राकृतिक वातावरण तैयार करने का संदेश दिया गया।
फलदार वृक्षों से पक्षियों को मिलेगा भोजन और आश्रय
पर्यावरण संरक्षण के इस अभियान में फलदार पौधों के महत्व पर विशेष जोर दिया गया। फलदार वृक्ष बड़े होने पर पक्षियों को भोजन उपलब्ध कराने में सहायक होते हैं। साथ ही, पेड़ों की शाखाएं कई पक्षियों को बैठने, विश्राम करने और घोंसले बनाने के लिए जगह प्रदान कर सकती हैं।.

हालांकि, पक्षियों के संरक्षण के लिए केवल पौधरोपण ही पर्याप्त नहीं है। पेड़ों को कटने से बचाना, जल स्रोतों को स्वच्छ रखना, प्राकृतिक वातावरण को सुरक्षित रखना और पक्षियों के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनाना भी आवश्यक है। जय श्री राम युवा एकता ग्रुप की यह पहल इसी व्यापक सोच को समाज तक पहुंचाने का प्रयास है।
लगातार तीसरे वर्ष इस अभियान को जारी रखकर ग्रुप ने यह संदेश देने का प्रयास किया कि पर्यावरण संरक्षण के लिए निरंतरता और सामूहिक भागीदारी जरूरी है। यदि प्रत्येक व्यक्ति अपने आसपास कुछ पौधे लगाए और उनकी देखभाल की जिम्मेदारी निभाए, तो आने वाले वर्षों में हरियाली बढ़ाने और जैव विविधता को सहारा देने में मदद मिल सकती है।

युवाओं और ग्रामीणों की सहभागिता से सफल हुआ अभियान
इस कार्यक्रम को सफल बनाने में ग्रुप के सदस्यों के साथ कई युवाओं और ग्रामीणों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अभियान में संतोष कुमार, सूरज कुमार, रितेश ठाकुर, प्रिया कुमारी, राकेश रंजन, सिंटू कुमार, मोहित कुमार, विकास कुमार, विद्या कुमार, वर्षा कुमारी, धर्मेंद्र कुमार, शिवम कुमार, केशव कुमार, सरोज कुमार, अनिल ठाकुर, रिया कुमारी, विजय कुमार, राजेंद्र स्वरूप, रवि कुमार, सुमन कुमार, श्रीकांत कुमार, हेमंत कुमार, आलोक कुमार, जगदीश कुमार, शशि रंजन, आदर्श कुमार, गंगाधर कुमार, नीरज कुमार, बंटी कुमार, कन्हैया कुमार, प्रीतम कुमार, विद्यानंद कुमार, अभिनंदन कुमार और सत्यम कुमार सहित अन्य लोगों ने भाग लिया।

कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं ने पर्यावरण संरक्षण, शारीरिक स्वास्थ्य और पक्षियों के प्रति संवेदनशीलता का संदेश दिया। जय श्री राम युवा एकता ग्रुप की यह पहल स्थानीय स्तर पर लोगों को प्रकृति के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझने और पर्यावरण संरक्षण के कार्यों में आगे आने के लिए प्रेरित करती है।

