By: Mala Mandal
नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET UG का आयोजन रविवार को देशभर के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर शुरू हो गया। परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) तथा स्थानीय प्रशासन की ओर से व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है। सुबह से ही परीक्षा केंद्रों के बाहर अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों की भीड़ देखने को मिली। निर्धारित समय से पहले ही छात्रों को केंद्रों पर पहुंचने के निर्देश दिए गए थे ताकि प्रवेश प्रक्रिया सुचारू रूप से पूरी की जा सके।

इस वर्ष परीक्षा को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पहले से अधिक सख्त रखी गई है। परीक्षा केंद्रों के बाहर और अंदर पुलिस बल की तैनाती की गई है। कई केंद्रों पर CCTV कैमरों के माध्यम से लगातार निगरानी की जा रही है। इसके अलावा इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के इस्तेमाल को रोकने के लिए जैमर की व्यवस्था भी की गई है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी प्रकार की अनियमितता को रोकने के लिए विशेष निगरानी टीमों को भी सक्रिय किया गया है।

परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों की गहन जांच की जा रही है। उम्मीदवारों के एडमिट कार्ड और पहचान पत्र का सत्यापन किया जा रहा है। कई स्थानों पर मेटल डिटेक्टर और हैंड स्कैनर की मदद से जांच प्रक्रिया पूरी की गई। सुरक्षा एजेंसियों को निर्देश दिए गए हैं कि परीक्षा के दौरान किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जाए।

देश के विभिन्न राज्यों से मिली जानकारी के अनुसार अधिकांश परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से शुरू हुई। अभ्यर्थी सुबह से ही अपने-अपने केंद्रों पर पहुंचने लगे थे। कुछ स्थानों पर यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए ट्रैफिक पुलिस की अतिरिक्त तैनाती की गई थी। प्रशासन ने परीक्षा केंद्रों के आसपास अनावश्यक भीड़ नहीं लगाने की अपील भी की।

परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों ने बताया कि सुरक्षा जांच के कारण उन्हें केंद्र पर समय से पहले पहुंचने की सलाह दी गई थी। कई अभ्यर्थियों ने कहा कि सख्त सुरक्षा व्यवस्था से परीक्षा की पारदर्शिता सुनिश्चित होगी और सभी उम्मीदवारों को समान अवसर मिलेगा। वहीं अभिभावकों ने भी व्यवस्था पर संतोष जताते हुए कहा कि इससे परीक्षा की विश्वसनीयता बढ़ेगी।

NEET UG परीक्षा मेडिकल क्षेत्र में करियर बनाने का सपना देखने वाले लाखों छात्रों के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। इस परीक्षा के माध्यम से देश के सरकारी और निजी मेडिकल कॉलेजों में MBBS, BDS तथा अन्य मेडिकल पाठ्यक्रमों में प्रवेश दिया जाता है। हर वर्ष बड़ी संख्या में छात्र इस परीक्षा में भाग लेते हैं और प्रतियोगिता का स्तर काफी ऊंचा रहता है।

विशेषज्ञों का मानना है कि परीक्षा प्रक्रिया को सुरक्षित और पारदर्शी बनाना अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि यह लाखों विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ा विषय है। पिछले वर्षों में परीक्षा संबंधी विवादों और अनियमितताओं की खबरों के बाद इस बार सुरक्षा प्रबंधन को और मजबूत किया गया है। यही कारण है कि केंद्रों पर बहुस्तरीय जांच व्यवस्था लागू की गई है।

NTA की ओर से अभ्यर्थियों को परीक्षा नियमों का पालन करने की सलाह दी गई है। उम्मीदवारों को केवल अनुमत वस्तुएं ही परीक्षा केंद्र के भीतर ले जाने की अनुमति दी गई है। मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ डिवाइस, कैलकुलेटर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया है। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
परीक्षा समाप्त होने के बाद उत्तर कुंजी और परिणाम जारी करने की प्रक्रिया शुरू होगी। अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें और किसी भी अफवाह से बचें। शिक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि परीक्षा का सफल और निष्पक्ष आयोजन देश की परीक्षा प्रणाली में विश्वास को मजबूत करेगा।

फिलहाल देशभर के अधिकांश परीक्षा केंद्रों पर NEET UG परीक्षा शांतिपूर्ण माहौल में संचालित हो रही है। प्रशासन, सुरक्षा एजेंसियां और परीक्षा प्रबंधन से जुड़े अधिकारी लगातार निगरानी बनाए हुए हैं ताकि परीक्षा प्रक्रिया बिना किसी बाधा के संपन्न हो सके। लाखों अभ्यर्थियों की नजर अब परीक्षा के सफल आयोजन और आगामी परिणामों पर टिकी हुई है।

