By: Vikash Kumar (Vicky)

देवघर। जिले में लंबे समय से होमगार्ड भर्ती का इंतजार कर रहे युवाओं के लिए राहत भरी खबर है। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी सौरभ कुमार भुवानिया की अध्यक्षता में आयोजित जिला स्तरीय समिति की बैठक में गृह रक्षा वाहिनी (होमगार्ड) की नियुक्ति प्रक्रिया को औपचारिक मंजूरी दे दी गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि होमगार्ड भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया जुलाई 2026 के मध्य से शुरू की जाएगी, जबकि विश्व प्रसिद्ध राजकीय श्रावणी मेला-2026 के सफल समापन के बाद भर्ती की अगली प्रक्रिया शुरू होगी।

बैठक में भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी, निष्पक्ष और समयबद्ध तरीके से संपन्न कराने पर विशेष जोर दिया गया। उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि आवेदन आमंत्रित करने से लेकर अंतिम चयन तक प्रत्येक चरण के लिए स्पष्ट समय-सीमा निर्धारित की जाए ताकि अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

आवेदन प्रक्रिया को बनाया जाएगा व्यवस्थित
बैठक में आवेदन प्राप्त करने की पूरी प्रक्रिया को सरल एवं सुव्यवस्थित बनाने पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि आवेदन प्राप्त करने की व्यवस्था ऐसी हो जिससे अधिक से अधिक अभ्यर्थी बिना किसी परेशानी के आवेदन कर सकें। साथ ही प्राप्त आवेदनों की स्क्रूटनी एवं आवश्यक दस्तावेजों के भौतिक सत्यापन की प्रक्रिया भी समय पर पूरी करने की तैयारी सुनिश्चित करने को कहा गया।

उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि आवेदन पत्रों की जांच पूरी पारदर्शिता के साथ की जाएगी तथा पात्र अभ्यर्थियों को ही आगे की चयन प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा।
श्रावणी मेला के बाद होगी भर्ती प्रक्रिया
बैठक में यह निर्णय लिया गया कि राजकीय श्रावणी मेला-2026 के दौरान प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह मेला व्यवस्था में व्यस्त रहेगी। इसी कारण भर्ती प्रक्रिया को मेला समाप्त होने के बाद आगे बढ़ाया जाएगा। इससे एक ओर मेला की व्यवस्थाओं पर कोई असर नहीं पड़ेगा, वहीं दूसरी ओर भर्ती प्रक्रिया भी पूरी तैयारी और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराई जा सकेगी।

प्रशासन का मानना है कि श्रावणी मेला समाप्त होने के बाद पर्याप्त संसाधन और प्रशासनिक बल उपलब्ध रहेगा, जिससे चयन प्रक्रिया को बेहतर तरीके से आयोजित किया जा सकेगा।
शारीरिक और लिखित परीक्षा की तैयारी के निर्देश
उपायुक्त ने बैठक में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि शारीरिक दक्षता परीक्षा एवं लिखित परीक्षा की सभी तैयारियां समय रहते पूरी कर ली जाएं। परीक्षा केंद्रों का चयन, सुरक्षा व्यवस्था, मेडिकल सहायता, अभ्यर्थियों की सुविधा तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को लेकर विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने को कहा गया।

उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और नियमों के अनुरूप संपन्न होनी चाहिए। किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
पारदर्शिता पर रहेगा विशेष जोर
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि भर्ती प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता सुनिश्चित की जाएगी। आवेदन से लेकर अंतिम चयन तक प्रत्येक चरण की निगरानी की जाएगी ताकि योग्य अभ्यर्थियों को निष्पक्ष अवसर मिल सके। इसके लिए अधिकारियों को समयबद्ध कार्ययोजना के अनुसार सभी तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।

बैठक में इस बात पर भी बल दिया गया कि भर्ती प्रक्रिया के दौरान सभी सरकारी दिशा-निर्देशों एवं निर्धारित मानकों का कड़ाई से पालन किया जाए। इससे चयन प्रक्रिया की विश्वसनीयता बनी रहेगी और अभ्यर्थियों का विश्वास भी मजबूत होगा।
युवाओं में बढ़ी उम्मीद
होमगार्ड भर्ती प्रक्रिया शुरू होने की खबर से जिले के हजारों युवाओं में उत्साह देखा जा रहा है। लंबे समय से भर्ती का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों को अब आवेदन प्रक्रिया शुरू होने का इंतजार है। जिला प्रशासन की ओर से जल्द ही आवेदन तिथि, पात्रता, आवश्यक दस्तावेज, शारीरिक दक्षता मानक तथा अन्य महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे।
अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे जिला प्रशासन द्वारा जारी होने वाली आधिकारिक सूचना पर नजर बनाए रखें और आवेदन प्रक्रिया से संबंधित किसी भी जानकारी के लिए केवल आधिकारिक माध्यमों पर ही भरोसा करें।

प्रशासन ने दिए समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश
बैठक के अंत में उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि भर्ती प्रक्रिया से जुड़े प्रत्येक कार्य को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा किया जाए। आवेदन प्राप्त करने, दस्तावेजों की जांच, भौतिक सत्यापन, शारीरिक परीक्षा, लिखित परीक्षा और अंतिम चयन सहित सभी चरणों की तैयारी समय रहते पूरी की जाए ताकि श्रावणी मेला समाप्त होते ही भर्ती प्रक्रिया बिना किसी विलंब के शुरू की जा सके।

जिला प्रशासन का उद्देश्य पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी, निष्पक्ष और सुचारु रूप से संपन्न कर योग्य अभ्यर्थियों का चयन सुनिश्चित करना है। इससे जिले में गृह रक्षा वाहिनी को आवश्यक मानव संसाधन उपलब्ध होगा और सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
