By: Vikash Kumar Raut (Vicky)
Aaj Ka Panchang 28 May 2026: आज 28 मई 2026, गुरुवार का दिन धार्मिक दृष्टि से बेहद खास माना जा रहा है। हिंदू पंचांग के अनुसार आज ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि है। साथ ही आज गुरु प्रदोष व्रत भी रखा जाएगा, जिसका विशेष महत्व भगवान शिव और भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त करने के लिए माना जाता है। इसके अलावा आज पद्मिनी एकादशी व्रत का पारण भी किया जाएगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार प्रदोष काल में भगवान शिव की पूजा करने से जीवन के दुख, कष्ट और आर्थिक परेशानियां दूर होती हैं।

आज पुरुषोत्तम मास का 12वां दिन भी है, इसलिए यह दिन पूजा-पाठ, दान और शुभ कार्यों के लिए अत्यंत फलदायी माना जा रहा है। अगर आप किसी शुभ कार्य की शुरुआत करने जा रहे हैं या यात्रा, खरीदारी और पूजा का सही समय जानना चाहते हैं, तो यहां पढ़ें आज का संपूर्ण पंचांग, शुभ मुहूर्त, राहुकाल और सूर्योदय-सूर्यास्त का समय।
आज की तिथि और वार
आज गुरुवार का दिन है। ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि सुबह 7 बजकर 56 मिनट तक रहेगी। इसके बाद त्रयोदशी तिथि प्रारंभ हो जाएगी। गुरुवार का दिन भगवान विष्णु और देवगुरु बृहस्पति को समर्पित माना जाता है।

आज का नक्षत्र
आज दिनभर स्वाती नक्षत्र का प्रभाव रहेगा। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार स्वाती नक्षत्र को शुभ और लाभकारी माना जाता है। इस नक्षत्र में किए गए कार्यों में सफलता मिलने की संभावना अधिक रहती है।
आज का शुभ मुहूर्त
आज कई शुभ योग बन रहे हैं, जो मांगलिक और धार्मिक कार्यों के लिए अच्छे माने जा रहे हैं।
अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11 बजकर 45 मिनट से दोपहर 12 बजकर 40 मिनट तक
अमृत काल: शाम 4 बजकर 15 मिनट से शाम 5 बजकर 52 मिनट तक
विजय मुहूर्त: दोपहर 2 बजकर 32 मिनट से 3 बजकर 27 मिनट तक

आज का राहुकाल
आज राहुकाल दोपहर 1 बजकर 30 मिनट से 3 बजे तक रहेगा। इस दौरान किसी नए या शुभ कार्य की शुरुआत करने से बचना चाहिए। ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार राहुकाल में शुभ कार्य करना अशुभ माना जाता है।
सूर्योदय और सूर्यास्त का समय
सूर्योदय: सुबह 5 बजकर 10 मिनट
सूर्यास्त: शाम 6 बजकर 34 मिनट

गुरु प्रदोष व्रत का महत्व
आज रखा जाने वाला गुरु प्रदोष व्रत भगवान शिव को समर्पित है। जब प्रदोष व्रत गुरुवार के दिन पड़ता है तो इसे गुरु प्रदोष व्रत कहा जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन व्रत और पूजा करने से भगवान शिव और माता पार्वती की विशेष कृपा प्राप्त होती है। मान्यता है कि इस व्रत को करने से विवाह, संतान, करियर और आर्थिक समस्याओं से राहत मिलती है।
पद्मिनी एकादशी पारण आज
आज पद्मिनी एकादशी व्रत का पारण भी किया जाएगा। जिन लोगों ने एकादशी व्रत रखा था, वे द्वादशी तिथि में शुभ समय देखकर व्रत खोल सकते हैं। हिंदू धर्म में एकादशी व्रत को अत्यंत पुण्यदायी माना गया है।

आज क्या करें
आज भगवान विष्णु और भगवान शिव की पूजा करें।
पीले वस्त्र धारण करना शुभ माना जाएगा।
जरूरतमंद लोगों को दान करने से पुण्य फल प्राप्त होगा।
गुरुवार के दिन केले के पेड़ की पूजा करना लाभकारी माना जाता है।

आज क्या न करें
राहुकाल के दौरान शुभ कार्य शुरू न करें।
किसी से विवाद या अपशब्द बोलने से बचें।
तामसिक भोजन और क्रोध से दूरी बनाए रखें।
इस लेख में दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं और ज्योतिष आधारित पंचांग पर आधारित है। इसकी सत्यता और सटीकता की पुष्टि नहीं की जाती है। किसी भी पूजा या शुभ कार्य से पहले संबंधित विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।

