By: Vikash Kumar Raut (Vicky)
Aaj Ka Panchang 8 June 2026: हिंदू धर्म में पंचांग का विशेष महत्व माना जाता है। किसी भी शुभ कार्य, पूजा-पाठ, व्रत, धार्मिक अनुष्ठान या नए कार्य की शुरुआत से पहले पंचांग देखकर शुभ समय का चयन किया जाता है। आज सोमवार, 8 जून 2026 का दिन धार्मिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आज शतभिषा नक्षत्र, अधिक कालाष्टमी और मासिक कृष्ण जन्माष्टमी का विशेष संयोग बन रहा है, जिससे दिन का महत्व और भी बढ़ गया है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार आज भगवान शिव, भगवान भैरव और श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना करने से विशेष पुण्य फल की प्राप्ति हो सकती है। यह दिन आध्यात्मिक साधना, मंत्र जाप और दान-पुण्य के लिए भी शुभ माना जा रहा है। आइए जानते हैं आज का विस्तृत पंचांग, शुभ-अशुभ मुहूर्त, राहुकाल और दिनभर की महत्वपूर्ण ज्योतिषीय जानकारी।

आज की तिथि
आज अधिक आषाढ़ मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि है। अष्टमी तिथि का संबंध भगवान श्रीकृष्ण और काल भैरव से माना जाता है। इस तिथि पर श्रद्धापूर्वक पूजा करने से जीवन की बाधाएं दूर होने और नकारात्मक शक्तियों से रक्षा मिलने की मान्यता है।
आज का नक्षत्र
आज शतभिषा नक्षत्र का प्रभाव रहेगा। वैदिक ज्योतिष में शतभिषा नक्षत्र को रहस्यमय, शोधपरक और आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान करने वाला नक्षत्र माना जाता है। इस नक्षत्र में किए गए धार्मिक कार्य, साधना और ध्यान विशेष फलदायी माने जाते हैं।

अधिक कालाष्टमी का महत्व
अधिक मास में पड़ने वाली कालाष्टमी का विशेष धार्मिक महत्व बताया गया है। इस दिन भगवान काल भैरव की पूजा की जाती है। मान्यता है कि काल भैरव की उपासना करने से भय, शत्रु बाधा और जीवन की अनेक परेशानियों से राहत मिल सकती है। भक्त इस दिन व्रत रखकर भगवान भैरव के मंदिरों में दर्शन करते हैं और विशेष पूजा-अर्चना करते हैं।
मासिक कृष्ण जन्माष्टमी का महत्व
हर महीने कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को मासिक कृष्ण जन्माष्टमी मनाई जाती है। यह दिन भगवान श्रीकृष्ण की आराधना के लिए समर्पित माना जाता है। भक्त उपवास रखकर श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप की पूजा करते हैं और उनके मंत्रों का जाप करते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन भगवान श्रीकृष्ण की पूजा करने से सुख, समृद्धि और मानसिक शांति प्राप्त होती है।

सूर्योदय और सूर्यास्त
सूर्योदय: प्रातः 5:13 बजे
सूर्यास्त: सायं 6:34 बजे
चंद्रोदय और चंद्रास्त
चंद्रोदय: रात्रि 12:48 बजे (अगले दिन)
चंद्रास्त: दोपहर 1:28 बजे
शुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त: प्रातः 4:02 बजे से 4:43 बजे तक
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11:56 बजे से 12:51 बजे तक
विजय मुहूर्त: दोपहर 2:41 बजे से 3:36 बजे तक
गोधूलि मुहूर्त: सायं 7:18 बजे से 7:39 बजे तक
निशीथ मुहूर्त: रात्रि 12:03 बजे से 12:44 बजे तक

राहुकाल
सोमवार का राहुकाल प्रातः 7:30 बजे से 9:00 बजे तक रहेगा। इस दौरान नए और शुभ कार्यों की शुरुआत करने से बचने की सलाह दी जाती है।
यमगण्ड काल
प्रातः 10:30 बजे से 12:00 बजे तक
गुलिक काल
दोपहर 1:30 बजे से 3:00 बजे तक

आज के विशेष धार्मिक उपाय
आज भगवान शिव का जलाभिषेक करना शुभ माना जाएगा।
काल भैरव को सरसों का तेल और काले तिल अर्पित किए जा सकते हैं।
भगवान श्रीकृष्ण को माखन-मिश्री का भोग लगाने से विशेष कृपा प्राप्त होने की मान्यता है।
गरीब और जरूरतमंद लोगों को अन्न या वस्त्र दान करना पुण्यदायी माना गया है।

आज का ज्योतिषीय संदेश
आज का दिन आध्यात्मिक उन्नति, पूजा-पाठ और आत्मचिंतन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। शतभिषा नक्षत्र के प्रभाव और अधिक कालाष्टमी व मासिक कृष्ण जन्माष्टमी के शुभ संयोग से धार्मिक कार्यों में विशेष सफलता मिलने की संभावना है। श्रद्धा और विश्वास के साथ किए गए धार्मिक अनुष्ठान सकारात्मक ऊर्जा प्रदान कर सकते हैं।
यह लेख पंचांग, ज्योतिषीय गणनाओं और धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है। इसका उद्देश्य केवल सामान्य जानकारी प्रदान करना है। विभिन्न क्षेत्रों और पंचांगों के अनुसार समय एवं तिथि में अंतर संभव है। किसी भी धार्मिक अनुष्ठान या महत्वपूर्ण कार्य से पहले स्थानीय पंचांग अथवा योग्य ज्योतिषाचार्य से परामर्श अवश्य करें।

