By: Mala Mandal
Bay Leaf Growing Tips: भारतीय रसोई में तेजपत्ता (Bay Leaf) एक ऐसा मसाला है, जिसका इस्तेमाल दाल, पुलाव, बिरयानी, सब्जी, करी और कई तरह के व्यंजनों का स्वाद और खुशबू बढ़ाने के लिए किया जाता है। ज्यादातर लोग इसे बाजार से खरीदते हैं, लेकिन कई बार बाजार में मिलने वाले तेजपत्ते पुराने, सूखे या कम गुणवत्ता वाले होते हैं। ऐसे में अगर आपके घर की बालकनी, टैरेस या छोटे से गार्डन में ही तेजपत्ते का पौधा लगा हो, तो आपको हमेशा ताजे और सुगंधित पत्ते आसानी से मिल सकते हैं।

अच्छी बात यह है कि तेजपत्ते का पौधा उगाना बिल्कुल भी मुश्किल नहीं है। सही गमले, उपयुक्त मिट्टी, पर्याप्त धूप और नियमित देखभाल के साथ यह पौधा कई वर्षों तक हरा-भरा बना रह सकता है। हालांकि, कई लोग पौधा लगाने के बाद शिकायत करते हैं कि उसकी ग्रोथ रुक गई, पत्तियां पीली होने लगीं या पौधा सूख गया। इसकी सबसे बड़ी वजह गलत गमला, खराब मिट्टी, जरूरत से ज्यादा पानी देना या पर्याप्त धूप न मिलना होता है।
अगर आप चाहते हैं कि आपका तेजपत्ते का पौधा तेजी से बढ़े और सालों तक ताजे पत्ते देता रहे, तो इन आसान टिप्स को जरूर अपनाएं।

तेजपत्ते के लिए 14 से 16 इंच का गमला क्यों है सबसे बेहतर
तेजपत्ते का पौधा धीरे-धीरे बढ़ता है, लेकिन समय के साथ इसकी जड़ें काफी मजबूत और गहरी हो जाती हैं। इसलिए शुरुआत से ही कम से कम 14 से 16 इंच का गमला चुनना बेहतर माना जाता है। छोटे गमले में जड़ों को पर्याप्त जगह नहीं मिलती, जिससे पौधे की बढ़वार प्रभावित हो सकती है।
गमला खरीदते समय इन बातों का ध्यान रखें।
गमले के नीचे कम से कम 3 से 4 ड्रेनेज होल जरूर हों।
मिट्टी, सीमेंट या मोटे प्लास्टिक का मजबूत गमला चुनें।
अतिरिक्त पानी आसानी से बाहर निकल सके, इसका विशेष ध्यान रखें।
बहुत छोटे गमले में पौधा लगाने से बचें।

तेजपत्ते के पौधे के लिए कैसी मिट्टी तैयार करें
पौधे की अच्छी ग्रोथ के लिए हल्की, उपजाऊ और अच्छी जल निकासी वाली मिट्टी सबसे उपयुक्त होती है। यदि मिट्टी में पानी लंबे समय तक जमा रहेगा तो जड़ों में सड़न आने का खतरा बढ़ जाएगा।
बेहतरीन पॉटिंग मिक्स तैयार करने के लिए इन चीजों को मिलाएं।
40 प्रतिशत सामान्य बगीचे की मिट्टी
30 प्रतिशत अच्छी तरह सड़ी हुई गोबर की खाद या ऑर्गेनिक कम्पोस्ट
20 प्रतिशत नदी की साफ रेत
10 प्रतिशत कोकोपीट या वर्मी कम्पोस्ट
यह मिश्रण पौधे की जड़ों तक पर्याप्त हवा, नमी और पोषण पहुंचाने में मदद करता है, जिससे पौधा तेजी से विकसित होता है।

तेजपत्ते का पौधा लगाने के दो आसान तरीके
नर्सरी से तैयार पौधा लगाएं
अगर आप जल्दी परिणाम चाहते हैं तो किसी अच्छी नर्सरी से स्वस्थ और हरे पत्तों वाला पौधा खरीदें। पुराने गमले से पौधे को सावधानीपूर्वक निकालें और नई मिट्टी वाले गमले में लगा दें। लगाने के बाद हल्का पानी दें ताकि मिट्टी अच्छी तरह बैठ जाए।
कटिंग से तैयार करें नया पौधा
यदि आपके आसपास किसी के पास तेजपत्ते का पौधा है तो उसकी स्वस्थ और मोटी शाखा की कटिंग लेकर भी नया पौधा तैयार किया जा सकता है। लगभग 6 से 8 इंच लंबी शाखा लें, नीचे की पत्तियां हटा दें और 3 से 4 इंच गहराई तक मिट्टी में लगा दें। कुछ सप्ताह बाद नई जड़ें विकसित होने लगेंगी।

कहां रखें तेजपत्ते का पौधा
तेजपत्ते का पौधा खुली और धूप वाली जगह पसंद करता है। इसे ऐसी जगह रखें जहां रोजाना कम से कम 5 से 6 घंटे धूप मिल सके।
बालकनी
टेरेस
खुला आंगन
किचन गार्डन
यदि पौधे को पर्याप्त धूप नहीं मिलेगी तो उसकी बढ़त धीमी हो सकती है और पत्तियां कमजोर पड़ सकती हैं।
कितना पानी देना चाहिए
तेजपत्ते के पौधे को जरूरत से ज्यादा पानी देना सबसे बड़ी गलती मानी जाती है।
गर्मियों में सप्ताह में 2 से 3 बार पानी पर्याप्त रहता है।
सर्दियों में मिट्टी सूखने पर ही पानी दें।
बारिश के मौसम में तभी सिंचाई करें जब मिट्टी सूखी महसूस हो।
हर बार पानी देने से पहले मिट्टी की ऊपरी परत जरूर जांच लें।

कौन-सी खाद डालें
हर 30 से 40 दिन में पौधे को जैविक खाद देना फायदेमंद माना जाता है।
अच्छी तरह सड़ी हुई गोबर की खाद
वर्मी कम्पोस्ट
घर में बनी ऑर्गेनिक कम्पोस्ट
सरसों की खली का घोल
नीम खली
इन प्राकृतिक खादों से पौधे की नई पत्तियां तेजी से निकलती हैं और पौधा लंबे समय तक स्वस्थ रहता है।
तेजपत्ते के पौधे की छंटाई क्यों जरूरी है
समय-समय पर सूखी, पीली और कमजोर शाखाओं की हल्की छंटाई करते रहें। इससे पौधे में नई शाखाएं निकलती हैं और पत्तियां अधिक घनी व हरी होती हैं। छंटाई के बाद पौधे को हल्की खाद देना भी लाभदायक माना जाता है।

इन गलतियों से बचें
रोजाना जरूरत से ज्यादा पानी न दें।
बिना ड्रेनेज वाले गमले का इस्तेमाल न करें।
भारी और चिपचिपी मिट्टी का उपयोग न करें।
धूप की कमी वाले स्थान पर पौधा न रखें।
सूखी शाखाओं को लंबे समय तक न छोड़ें।
बहुत अधिक रासायनिक खाद का उपयोग करने से बचें।

घर में तेजपत्ते का पौधा लगाने के फायदे
रसोई के लिए हमेशा ताजे और सुगंधित तेजपत्ते मिलते हैं।
बाजार से बार-बार तेजपत्ता खरीदने की जरूरत नहीं पड़ती।
पौधा घर की हरियाली और सुंदरता बढ़ाता है।
ऑर्गेनिक तरीके से उगाए गए पत्तों का उपयोग किया जा सकता है।
सही देखभाल मिलने पर पौधा कई वर्षों तक पत्ते देता रहता है।

अगर शुरुआत से सही गमला, अच्छी मिट्टी, पर्याप्त धूप और संतुलित सिंचाई का ध्यान रखा जाए तो तेजपत्ते का पौधा वर्षों तक स्वस्थ रहता है। थोड़ी-सी नियमित देखभाल से आप अपने घर में ही ताजे, सुगंधित और रसायन-मुक्त तेजपत्ते आसानी से प्राप्त कर सकते हैं।
यह लेख सामान्य बागवानी संबंधी जानकारी और विशेषज्ञों द्वारा बताए गए सुझावों पर आधारित है। पौधे की वृद्धि जलवायु, मिट्टी, देखभाल और स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार अलग-अलग हो सकती है। किसी भी खाद, उर्वरक या पौध संरक्षण उत्पाद का उपयोग करने से पहले उसके निर्देशों का पालन अवश्य करें।

