By: Vikash, Mala Mandal
देवघर जिले के मोहनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत देवघर-गोड्डा मुख्य सड़क पर शनिवार को एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। चकरमा गांव के समीप ट्रक और ऑटो के बीच आमने-सामने की जोरदार टक्कर में सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, ऑटो में सवार यात्री गोड्डा की ओर जा रहे थे। इसी दौरान विपरीत दिशा से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक से उनकी सीधी टक्कर हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ऑटो चालक का संतुलन बिगड़ गया और वाहन सड़क पर पलट गया। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों ने तुरंत मोहनपुर थाना प्रभारी सालों हेंब्रम को जानकारी दी। सूचना मिलते ही मोहनपुर पुलिस टीम दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। पुलिस और स्थानीय लोगों के सहयोग से सभी घायलों को ऑटो और अन्य वाहनों की मदद से मोहनपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) पहुंचाया गया।

चिकित्सकों ने घायलों का प्राथमिक उपचार किया, लेकिन उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए सभी को बेहतर इलाज के लिए देवघर सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। अस्पताल सूत्रों के अनुसार, कुछ घायलों की हालत नाजुक बनी हुई है और उनका इलाज जारी है।
इस हादसे में घायल लोगों की पहचान मोहनपुर थाना क्षेत्र के बाबवपुर गांव निवासी झलकी देवी और रुक्मिणी देवी के रूप में हुई है। इसके अलावा, पौड़याहाट थाना क्षेत्र के लाठीबारी गांव निवासी कंचन कुमार, सरैयाहाट थाना क्षेत्र के कटनी गांव निवासी अनिरुद्ध शर्मा तथा गोड्डा निवासी कंचन राणा भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। वहीं, तीन अन्य घायलों की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है, जिनकी पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है।

मोहनपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मौजूद चिकित्सा टीम में प्रभारी डॉ. श्याम सुंदर सिंह, डॉ. दुर्गेश कुमार और डॉ. रूपक कुमार ने सभी घायलों का प्राथमिक उपचार किया। डॉक्टरों ने बताया कि कुछ मरीजों को गंभीर चोटें आई हैं, जिसके कारण उन्हें तत्काल उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा के लिए रेफर करना पड़ा।
घटना के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों क्षतिग्रस्त वाहनों को जब्त कर लिया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और हादसे के कारणों का पता लगाने की कोशिश कर रही है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि तेज रफ्तार और असावधानी इस दुर्घटना का मुख्य कारण हो सकती है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि देवघर-गोड्डा मुख्य सड़क पर अक्सर तेज रफ्तार वाहनों के कारण दुर्घटनाएं होती रहती हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस मार्ग पर स्पीड कंट्रोल के लिए सख्त कदम उठाए जाएं और ट्रैफिक नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए।

इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। खासकर ग्रामीण इलाकों में यातायात नियमों की अनदेखी और तेज गति से वाहन चलाने की प्रवृत्ति लगातार हादसों को जन्म दे रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता और सख्त नियमों के पालन से ही ऐसे हादसों को रोका जा सकता है।

फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और घायलों की पहचान तथा हादसे के सही कारणों का पता लगाने में जुटी हुई है। प्रशासन की ओर से भी स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

