By: Vikash Kumar Raut(Vicky)
ज्येष्ठ माह का पहला बड़ा मंगल आज पूरे श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ मनाया जा रहा है। हिंदू धर्म में इस दिन का विशेष महत्व माना गया है और इसे ‘बुढ़वा मंगल’ के नाम से भी जाना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ज्येष्ठ माह के प्रत्येक मंगलवार को संकटमोचन हनुमान जी की पूजा करने से जीवन के बड़े से बड़े कष्ट और बाधाएं दूर हो जाती हैं। इस दिन मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिलती है और लोग विशेष रूप से हनुमान जी के दर्शन और पूजन के लिए पहुंचते हैं।

बड़ा मंगल का यह पावन अवसर भक्तों के लिए आध्यात्मिक उन्नति और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त करने का श्रेष्ठ समय माना जाता है। ऐसा विश्वास है कि आज के दिन सच्चे मन से हनुमान जी की आराधना करने से बल, बुद्धि और विद्या का आशीर्वाद मिलता है और जीवन में आ रही परेशानियों का अंत होता है।

हनुमान चालीसा पाठ का विशेष महत्व
बड़ा मंगल के दिन हनुमान चालीसा का पाठ करना अत्यंत प्रभावशाली और शुभ फल देने वाला माना गया है। मान्यता है कि यदि कोई भक्त इस दिन श्रद्धा के साथ 7 बार हनुमान चालीसा का पाठ करता है, तो उसके जीवन में चल रहे शनि दोष और मंगल दोष के प्रभाव में कमी आती है। इसके अलावा 1, 3, 11 या 100 बार पाठ करने का भी विशेष महत्व बताया गया है।

हनुमान चालीसा का नियमित पाठ करने से मानसिक शांति प्राप्त होती है और व्यक्ति के अंदर आत्मविश्वास बढ़ता है। यह पाठ नकारात्मक ऊर्जा को दूर करता है और व्यक्ति को भय, चिंता और तनाव से मुक्ति दिलाने में सहायक होता है। साथ ही यह माना जाता है कि हनुमान चालीसा का पाठ करने से बड़े से बड़े संकट भी टल जाते हैं और हर कार्य में सफलता मिलने के योग बनते हैं।

बड़ा मंगल पर पूजा का महत्व
इस दिन सुबह स्नान कर साफ वस्त्र धारण कर हनुमान जी की प्रतिमा या मंदिर में जाकर पूजा करनी चाहिए। सिंदूर, चमेली का तेल, लाल फूल और बूंदी या लड्डू का भोग लगाना शुभ माना जाता है। हनुमान जी को प्रसन्न करने के लिए सुंदरकांड का पाठ और हनुमान चालीसा का पाठ विशेष रूप से किया जाता है।

बड़ा मंगल के दिन दान-पुण्य का भी विशेष महत्व होता है। गरीबों और जरूरतमंदों को भोजन कराना, जल पिलाना और वस्त्र दान करना अत्यंत पुण्यदायी माना गया है। ऐसा करने से जीवन में सुख-समृद्धि और शांति का वास होता है।

क्यों खास होता है ज्येष्ठ का बड़ा मंगल
ज्येष्ठ माह के मंगलवार को विशेष रूप से हनुमान जी की पूजा का विधान है। मान्यता है कि इस महीने में हनुमान जी की आराधना करने से ग्रह दोषों से राहत मिलती है और व्यक्ति को सभी प्रकार के संकटों से मुक्ति मिलती है। यही कारण है कि इस दिन को ‘संकटमोचन दिवस’ के रूप में भी देखा जाता है।

बड़ा मंगल के दिन मंदिरों में भंडारा, हनुमान चालीसा पाठ और विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में भक्त शामिल होते हैं और आशीर्वाद प्राप्त करते ह
यह जानकारी धार्मिक मान्यताओं और आस्थाओं पर आधारित है। किसी भी प्रकार के उपाय करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ या विद्वान की सलाह अवश्य लें।

