By: Mala Mandal
झारखंड में मानसून एक बार फिर सक्रिय होता नजर आ रहा है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक राज्य में 24 सितंबर से बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी हो सकती है। कई इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग यानी IMD के 20 सितंबर के पूर्वानुमान में 23 से 25 सितंबर के दौरान झारखंड में भारी बारिश के साथ गरज, वज्रपात और तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग के अनुसार 24 सितंबर को राज्य के कई हिस्सों में मौसम खराब रह सकता है। लोगों को विशेष रूप से वज्रपात के दौरान खुले मैदान, खेत, पेड़ के नीचे और जलाशयों के आसपास जाने से बचने की सलाह दी जाती है।

रांची में भी बदलेगा मौसम का मिजाज
राजधानी रांची में 21 से 24 सितंबर के बीच आसमान में बादल छाए रहने और अलग-अलग समय पर बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। IMD के स्थानीय पूर्वानुमान के अनुसार 23 और 24 सितंबर को गरज के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनकी गति करीब 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंचने की संभावना बताई गई है। ऐसे में रांची और आसपास के इलाकों में रहने वाले लोगों को मौसम में अचानक बदलाव के लिए तैयार रहने की जरूरत है। बारिश के दौरान सड़क पर दृश्यता कम होने और तेज हवा के कारण पेड़ या कमजोर संरचनाओं से खतरा बढ़ सकता है।

24 सितंबर से क्यों बढ़ सकती है बारिश?
मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी और उससे जुड़े इलाकों में बन रहे मौसम तंत्र के प्रभाव से झारखंड में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। रिपोर्टों के मुताबिक यह सिस्टम आगे बढ़ते हुए झारखंड के मौसम को प्रभावित कर सकता है। इसी वजह से 24 सितंबर से राज्य में बारिश का एक नया दौर देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने 24 सितंबर के आसपास राज्य में भारी बारिश के साथ गरज और वज्रपात की संभावना जताई है। कुछ इलाकों में तेज हवाएं भी परेशानी बढ़ा सकती हैं।

पूरे झारखंड में कैसा रहेगा मौसम?
24 सितंबर को झारखंड के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। कुछ स्थानों पर भारी बारिश की स्थिति भी बन सकती है। IMD के उप-विभागीय पूर्वानुमान में 24 सितंबर को झारखंड के लिए भारी बारिश तथा गरज-वज्रपात की चेतावनी दर्ज है। दक्षिणी और मध्य झारखंड के जिलों में भी बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। रांची, खूंटी, गुमला, लोहरदगा, रामगढ़, बोकारो, धनबाद, हजारीबाग और आसपास के क्षेत्रों में मौसम पर नजर बनाए रखना जरूरी होगा।

देवघर समेत इन इलाकों में भी बारिश के आसार
झारखंड के संथाल परगना क्षेत्र में भी मौसम बदलने की संभावना है। देवघर, दुमका, जामताड़ा, गोड्डा, पाकुड़ और साहिबगंज जैसे जिलों में बारिश और गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। हालांकि किसी खास जिले के लिए अलर्ट का स्तर समय-समय पर बदल सकता है। इसलिए स्थानीय स्तर पर मौसम विभाग की ताजा चेतावनी को देखना जरूरी है।

तेज हवा और वज्रपात से रहें सावधान
बारिश के साथ वज्रपात होने की स्थिति में थोड़ी सी लापरवाही भी खतरनाक हो सकती है। मौसम खराब होने पर खुले मैदान में खड़े रहने, पेड़ के नीचे रुकने, बिजली के खंभों के पास जाने और तालाब या नदी जैसे जलस्रोतों के आसपास रहने से बचना चाहिए। अगर आप खेत या खुले इलाके में हैं और अचानक बादल गरजने लगें तो जल्द से जल्द किसी सुरक्षित और पक्की जगह पर पहुंचना बेहतर है। मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते समय भी खुले स्थान में खड़े रहने से बचें।

किसानों के लिए भी जरूरी मौसम अपडेट
झारखंड में खेती-किसानी के लिए सितंबर की बारिश काफी महत्वपूर्ण होती है। हालांकि तेज बारिश और वज्रपात की स्थिति में खेतों में काम करने वाले किसानों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। मौसम खराब होने पर खेत, खुले मैदान या ऊंचे स्थान पर काम करने के बजाय सुरक्षित स्थान पर जाना बेहतर रहेगा। फसल और कृषि गतिविधियों से जुड़े फैसले स्थानीय मौसम पूर्वानुमान देखकर ही लेने चाहिए।
21 से 25 सितंबर तक रांची का मौसम
रांची के लिए IMD के स्थानीय पूर्वानुमान में 21 सितंबर को गरज और बिजली के साथ 30-40 किलोमीटर प्रति घंटा तक तेज हवा की संभावना जताई गई है। 22 सितंबर को भी गरज-वज्रपात की स्थिति रह सकती है। 23 सितंबर को तेज हवाओं के साथ मौसम सक्रिय रहने का अनुमान है, जबकि 24 सितंबर को भी गरज, बिजली और 40-50 किलोमीटर प्रति घंटा तक तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना बताई गई है। इसके बाद 25 सितंबर को रांची में बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं, लेकिन उपलब्ध स्थानीय पूर्वानुमान में उस दिन अलग से कोई चेतावनी नहीं दी गई है।

क्या 24 सितंबर से लगातार भारी बारिश होगी?
मौसम विभाग ने 24 सितंबर से बारिश की गतिविधि बढ़ने का संकेत दिया है, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि पूरे झारखंड में लगातार 24 घंटे भारी बारिश होगी। बारिश की तीव्रता और अवधि जिले-दर-जिले अलग हो सकती है। इसलिए “पूरे झारखंड में भारी बारिश” को राज्य के हर इलाके में एक समान बारिश की गारंटी के तौर पर नहीं समझना चाहिए। स्थानीय मौसम चेतावनी में बदलाव संभव है।

मौसम खराब होने पर क्या करें?
बारिश और वज्रपात के दौरान घर के अंदर रहें और खिड़की-दरवाजे सुरक्षित रखें। खुले मैदान, ऊंची जगह, पेड़ और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखें। तेज हवा के दौरान कमजोर पेड़, होर्डिंग और अस्थायी संरचनाओं के पास जाने से बचें।
बाहर निकलना जरूरी हो तो मौसम की ताजा जानकारी देखकर ही यात्रा की योजना बनाएं। सड़क पर पानी जमा होने की स्थिति में वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतें।
झारखंड मौसम अपडेट का सार
24 सितंबर से झारखंड में बारिश की गतिविधि बढ़ने की संभावना है। रांची समेत कई जिलों में गरज-चमक, वज्रपात और तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। IMD ने 23 से 25 सितंबर के दौरान राज्य में मौसम सक्रिय रहने का पूर्वानुमान दिया है।
राजधानी रांची में भी 24 सितंबर को गरज-वज्रपात और 40-50 किलोमीटर प्रति घंटा तक तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना है। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग के अपडेट पर नजर रखने और वज्रपात के दौरान जरूरी सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
यह खबर मौसम विभाग के उपलब्ध पूर्वानुमान और चेतावनियों पर आधारित है। मौसम की स्थिति तेजी से बदल सकती है और किसी जिले में बारिश की तीव्रता तथा अलर्ट का स्तर बाद में बदल सकता है। मौसम संबंधी किसी भी यात्रा, खेती या अन्य महत्वपूर्ण निर्णय से पहले IMD और स्थानीय प्रशासन की ताजा चेतावनी जरूर देखें। वज्रपात के दौरान सुरक्षा संबंधी आधिकारिक निर्देशों का पालन करें।

