By: Mala Mandal
देवघर। गोड्डा सांसद Nishikant Dubey ने रविवार को देवघर के बहुप्रतीक्षित नावाडीह-रोहिणी रेलवे ओवर ब्रिज का विधिवत उद्घाटन किया। लंबे समय से इस ओवर ब्रिज का इंतजार कर रहे लोगों के लिए यह किसी बड़ी सौगात से कम नहीं है। उद्घाटन के साथ ही यह ओवर ब्रिज अब देवघर की नई लाइफलाइन के रूप में देखा जा रहा है, जिससे न केवल शहर का ट्रैफिक दबाव कम होगा बल्कि हजारों लोगों को प्रतिदिन सुगम आवागमन की सुविधा भी मिलेगी।

उद्घाटन समारोह में रेलवे और स्थानीय प्रशासन के कई अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम में डीआरएम मौर्या, स्थानीय विधायक सुरेश पासवान, भाजपा नेता गंगा नारायण सिंह सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और कार्यकर्ता शामिल हुए। समारोह के दौरान सांसद निशिकांत दुबे ने कहा कि यह ओवर ब्रिज सिर्फ एक पुल नहीं बल्कि देवघर और आसपास के क्षेत्रों के विकास की नई पहचान है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के विकसित भारत 2047 विजन के तहत गोड्डा लोकसभा क्षेत्र में लगातार आधारभूत संरचना को मजबूत किया जा रहा है।

सांसद ने अपने संबोधन में कहा कि इस ओवर ब्रिज के शुरू होने से देवघर से एम्स, रांची, बोकारो, धनबाद और अन्य शहरों तक पहुंचने वाले लोगों को काफी सुविधा मिलेगी। अब रेलवे फाटक बंद होने के कारण घंटों जाम में फंसने की समस्या से लोगों को राहत मिलेगी। खासकर मरीजों, छात्रों, नौकरीपेशा लोगों और व्यवसायियों के लिए यह ओवर ब्रिज काफी लाभदायक साबित होगा।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2005 तक देवघर में बड़े स्तर पर विकास कार्य नहीं हुए थे, लेकिन 2009 में सांसद बनने के बाद उन्होंने एक विजन के तहत पूरे क्षेत्र में विकास योजनाओं को आगे बढ़ाने का कार्य किया। सड़क, रेल, एयरपोर्ट और स्वास्थ्य सुविधाओं के क्षेत्र में लगातार काम किया गया है। सांसद ने यह भी कहा कि आने वाले समय में संथाली और आरोग्य भवन ओवर ब्रिज की शुरुआत भी जल्द की जाएगी, जिससे देवघर के यातायात ढांचे को और मजबूती मिलेगी।

नावाडीह-रोहिणी रेलवे ओवर ब्रिज को लेकर स्थानीय लोगों में काफी उत्साह देखा गया। लोगों का कहना है कि वर्षों से रेलवे फाटक के कारण लंबी जाम की समस्या बनी रहती थी। कई बार एंबुलेंस तक जाम में फंस जाती थी, जिससे मरीजों को भारी परेशानी उठानी पड़ती थी। अब ओवर ब्रिज बनने से वाहन बिना रुके आसानी से गुजर सकेंगे और समय की भी बचत होगी।
यह ओवर ब्रिज देवघर के बढ़ते शहरी विस्तार और यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। देवघर में बाबा बैद्यनाथ धाम आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में शहर की सड़क व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए इस तरह की परियोजनाएं बेहद जरूरी थीं। स्थानीय लोगों का मानना है कि इस पुल के शुरू होने से व्यापारिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी और आसपास के इलाकों में विकास तेज होगा।

सांसद निशिकांत दुबे ने कार्यक्रम के दौरान रेल मंत्री Ashwini Vaishnaw का भी आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि रेलवे मंत्रालय के सहयोग से देवघर में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि अगर राज्य सरकार जमीन उपलब्ध कराए तो जसीडीह स्टेशन का और विस्तार किया जाएगा ताकि यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं मिल सकें।
ओवर ब्रिज के उद्घाटन के बाद स्थानीय लोगों ने खुशी जताते हुए इसे ऐतिहासिक कदम बताया। लोगों का कहना है कि यह परियोजना आने वाले वर्षों में देवघर के विकास की दिशा बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। वहीं राजनीतिक दृष्टिकोण से भी यह परियोजना काफी अहम मानी जा रही है क्योंकि इससे सीधे तौर पर हजारों लोगों को राहत मिलने वाली है।

विशेषज्ञों का मानना है कि बेहतर सड़क और यातायात व्यवस्था किसी भी शहर के आर्थिक विकास की रीढ़ होती है। देवघर धार्मिक, पर्यटन और स्वास्थ्य के क्षेत्र में तेजी से उभर रहा है। ऐसे में नावाडीह-रोहिणी ओवर ब्रिज जैसी परियोजनाएं शहर को आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर की दिशा में आगे बढ़ाने का कार्य करेंगी। आने वाले समय में इससे रोजगार, व्यापार और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की संभावना है।
यह ओवर ब्रिज अब केवल एक निर्माण परियोजना नहीं बल्कि देवघर की बदलती तस्वीर और विकास की नई पहचान बन चुका है। उद्घाटन के साथ ही लोगों को एक बड़ी राहत मिली है और उम्मीद जताई जा रही है कि भविष्य में भी इसी तरह की योजनाएं क्षेत्र के विकास को नई गति देंगी।

