देवघर। “जय शिवाजी, जय सरदार पटेल” के उद्घोष के साथ लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की पुण्यतिथि पर देवघर में श्रद्धा और सम्मान का वातावरण देखने को मिला। राष्ट्रीय एकता और अखंडता के महान शिल्पकार सरदार पटेल को उनकी पुण्यतिथि पर शत-शत नमन करते हुए झारखंड कुरमी महासभा, देवघर द्वारा एक श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम का आयोजन दोपहर 03:00 बजे देवघर शहर के सुंदरबांध स्थित जोसागड़ी क्षेत्र में वार्ड पार्षद रवि कुमार राउत के निजी कार्यालय परिसर में किया गया। इस अवसर पर महासभा के सभी प्रकोष्ठों के पदाधिकारी एवं सदस्य बड़ी संख्या में एकत्रित हुए और सरदार पटेल के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम की शुरुआत झारखंड कुरमी महासभा, देवघर के माननीय अध्यक्ष डॉ. राजीव रंजन द्वारा सरदार वल्लभभाई पटेल के चित्र पर पुष्प अर्पित कर की गई। इसके पश्चात महासभा के अन्य पदाधिकारियों और सदस्यों ने क्रमवार पुष्प अर्पित कर देश के इस महान नेता को नमन किया।
इस अवसर पर वक्ताओं ने सरदार वल्लभभाई पटेल के व्यक्तित्व और कृतित्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल केवल एक राजनेता नहीं थे, बल्कि वे भारत की एकता और अखंडता के मजबूत स्तंभ थे। देश की आज़ादी के बाद सैकड़ों रियासतों का भारत में विलय कर उन्होंने “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” की नींव रखी।
वक्ताओं ने कहा कि सरदार पटेल का जन्म 31 अक्टूबर 1875 को हुआ था और उन्होंने 15 दिसंबर 1950 को इस दुनिया से विदा ली। उनका पूरा जीवन राष्ट्र सेवा, अनुशासन, साहस और कर्तव्यनिष्ठा का प्रतीक रहा। उन्होंने अपने दृढ़ संकल्प और अदम्य इच्छाशक्ति के बल पर भारत को एक सशक्त और संगठित राष्ट्र के रूप में स्थापित करने में अहम भूमिका निभाई।
झारखंड कुरमी महासभा के अध्यक्ष डॉ. राजीव रंजन ने अपने संबोधन में कहा कि आज के समय में सरदार पटेल के विचार और भी अधिक प्रासंगिक हो गए हैं। देश में एकता, सामाजिक समरसता और राष्ट्रभक्ति को मजबूत करने के लिए हमें उनके आदर्शों को अपने जीवन में उतारना होगा। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे सरदार पटेल के जीवन से प्रेरणा लेकर राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं।
कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधि एवं वार्ड पार्षद रवि कुमार राउत ने कहा कि सरदार पटेल का जीवन हमें यह सिखाता है कि मजबूत नेतृत्व, ईमानदारी और राष्ट्र के प्रति समर्पण से किसी भी चुनौती का सामना किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि आज की पीढ़ी को सरदार पटेल के विचारों से जोड़ना समय की आवश्यकता है।
श्रद्धांजलि कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अन्य वक्ताओं ने भी सरदार पटेल के योगदान को याद करते हुए उन्हें भारत के इतिहास का एक अमर अध्याय बताया। सभी ने एक स्वर में कहा कि सरदार पटेल का सपना एक मजबूत, एकजुट और आत्मनिर्भर भारत था, जिसे साकार करना हम सभी का कर्तव्य है।
इस अवसर पर श्री भूषण राउत, मनोज कुमार राव, विजय कुमार सिंह, रवि कुमार राउत (वार्ड पार्षद), संजय कुमार राउत, अभिनाश कुमार राव, मनोज राउत, शिवम् कुमार राव, मुकेश कुमार, राजीव कांत राउत (मीडिया प्रभारी) सहित झारखंड कुरमी महासभा के कई वरिष्ठ एवं युवा सदस्य मौजूद रहे।
कार्यक्रम का समापन सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों को आत्मसात करने और समाज में एकता व राष्ट्रभक्ति को मजबूत करने के संकल्प के साथ किया गया। उपस्थित सभी लोगों ने उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।
