By: Mala Mandal
देवघर। जिले के मोहनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत कुर्था मोड़ के पास रविवार को दो मोटरसाइकिलों के बीच आमने-सामने हुई जोरदार टक्कर में एक बाइक पर सवार मां और बेटा गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों ने तत्काल घायलों को सड़क से उठाकर प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोनों बाइकें विपरीत दिशा से आ रही थीं। कुर्था मोड़ के समीप पहुंचते ही किसी कारणवश दोनों वाहनों के बीच सीधी भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी तेज थी कि दोनों बाइक सवार सड़क पर गिर पड़े। हादसे में एक बाइक पर सवार मां और बेटा गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि दूसरी बाइक पर सवार व्यक्ति को भी हल्की चोटें आईं।
घटना की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण और राहगीर मौके पर पहुंचे। लोगों ने बिना देर किए घायलों को संभाला और एंबुलेंस की मदद से अस्पताल भेजा। स्थानीय लोगों की तत्परता के कारण घायलों को समय पर इलाज मिल सका।

बताया जा रहा है कि हादसे के दौरान दोनों मोटरसाइकिलों को भी काफी नुकसान पहुंचा। दुर्घटना के बाद कुछ देर के लिए सड़क पर यातायात प्रभावित रहा। बाद में पुलिस के पहुंचने पर क्षतिग्रस्त वाहनों को सड़क से हटाया गया और यातायात सामान्य कराया गया।
सूचना मिलने पर मोहनपुर थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और दुर्घटना की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने दोनों बाइकों को अपने कब्जे में लेकर दुर्घटना के कारणों का पता लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और असावधानी को हादसे की संभावित वजह माना जा रहा है, हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।

अस्पताल सूत्रों के अनुसार घायल मां और बेटे का उपचार डॉक्टरों की निगरानी में चल रहा है। चिकित्सकों ने दोनों की स्थिति पर लगातार नजर रखी हुई है। जरूरत पड़ने पर बेहतर इलाज के लिए रेफर करने की भी तैयारी रखी गई है।

ग्रामीणों का कहना है कि कुर्था मोड़ के आसपास अक्सर सड़क दुर्घटनाएं होती रहती हैं। मोड़ पर पर्याप्त चेतावनी संकेत, स्पीड कंट्रोल और सड़क सुरक्षा के इंतजाम नहीं होने के कारण वाहन चालक कई बार दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं। लोगों ने प्रशासन से इस स्थान पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।

सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि ग्रामीण इलाकों की सड़कों पर मोड़ों के पास वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। तेज रफ्तार, ओवरटेक और लापरवाही अक्सर गंभीर हादसों का कारण बनती है। हेलमेट पहनना, निर्धारित गति सीमा का पालन करना और सड़क संकेतों का ध्यान रखना ऐसी घटनाओं को काफी हद तक रोक सकता है।

पुलिस ने भी वाहन चालकों से अपील की है कि वे यातायात नियमों का पालन करें, नियंत्रित गति से वाहन चलाएं और विशेष रूप से मोड़ एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त सतर्कता बरतें, ताकि सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।


