
By: Mala Mandal
नई दिल्ली: देशभर में आज शुक्रवार, 6 नवंबर को धनतेरस का त्योहार मनाया जा रहा है। हिंदू धर्म में धनतेरस का विशेष महत्व है। इस दिन सोना, चांदी, बर्तन और अन्य कीमती धातुएं खरीदना शुभ माना जाता है। यही वजह है कि धनतेरस के मौके पर सर्राफा बाजारों में ग्राहकों की भीड़ उमड़ती है। इस बार धनतेरस पर सोना और चांदी खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए बाजार से राहत भरी खबर सामने आई है। घरेलू वायदा बाजार में दोनों कीमती धातुओं की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। शुक्रवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने और चांदी के भाव में कमजोरी देखने को मिली। सोने की कीमत में एक समय करीब 2,377 रुपये प्रति 10 ग्राम की गिरावट दर्ज की गई, जबकि चांदी का भाव करीब 3,440 रुपये प्रति किलोग्राम तक नीचे आ गया। इससे त्योहार के दौरान खरीदारी करने वाले ग्राहकों को कुछ राहत मिली है।

सोने की कीमत में कितनी आई गिरावट?
धनतेरस के दिन सोने की कीमतों में आई गिरावट ने बाजार का ध्यान खींचा है। MCX पर दिसंबर डिलीवरी वाला सोना कारोबार के दौरान करीब 1,41,718 रुपये प्रति 10 ग्राम के इंट्राडे निचले स्तर तक पहुंच गया। पिछले कारोबारी सत्र की तुलना में इसमें लगभग 2,377 रुपये की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, बाजार में कारोबार के दौरान सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव भी देखने को मिला। निवेशकों की मुनाफावसूली और अंतरराष्ट्रीय बाजार से मिल रहे संकेतों का असर घरेलू सर्राफा बाजार पर पड़ा है। सोने की कीमतों में गिरावट से उन लोगों को फायदा हो सकता है, जो धनतेरस पर सोने के सिक्के, आभूषण या अन्य उत्पाद खरीदने की योजना बना रहे हैं। हालांकि, आभूषण खरीदते समय ग्राहकों को मेकिंग चार्ज और जीएसटी को भी ध्यान में रखना चाहिए।

चांदी के भाव में भी बड़ी गिरावट
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी कमजोरी देखने को मिली। MCX पर दिसंबर डिलीवरी वाली चांदी का भाव कारोबार के दौरान करीब 1,83,700 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गया। पिछले बंद भाव के मुकाबले इसमें लगभग 3,440 रुपये की गिरावट दर्ज की गई। चांदी की कीमतों में आई इस नरमी से चांदी के सिक्के, बर्तन, पायल और अन्य चांदी के उत्पाद खरीदने वाले ग्राहकों को राहत मिल सकती है। धनतेरस के मौके पर चांदी की खरीदारी को भी शुभ माना जाता है। ऐसे में कीमतों में गिरावट से बाजार में ग्राहकों की दिलचस्पी बढ़ने की संभावना है।

आखिर क्यों गिर रहे हैं सोना और चांदी के दाम?
सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट के पीछे घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजार के कई कारण बताए जा रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों पर दबाव देखने को मिला है। कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से महंगाई को लेकर चिंताएं बढ़ी हैं। इसके साथ ही अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है। जब बाजार में यह संभावना बढ़ती है कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचा रख सकता है, तो सोने जैसी बिना ब्याज वाली संपत्तियों पर दबाव बनता है। इसके अलावा, कीमतों में पहले आई तेजी के बाद निवेशकों की ओर से मुनाफावसूली भी गिरावट की एक वजह मानी जा रही है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में डॉलर की मजबूती और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में बदलाव का असर भी सोने-चांदी की कीमतों पर पड़ता है। यही वजह है कि वैश्विक घटनाक्रम का सीधा प्रभाव भारतीय सर्राफा बाजार में देखने को मिलता है।

धनतेरस पर खरीदारी करने वालों के लिए क्या है खास?
धनतेरस के दिन सोना और चांदी खरीदना भारतीय परंपरा का अहम हिस्सा है। कई परिवार इस दिन सोने के सिक्के, चांदी के सिक्के, आभूषण और बर्तन खरीदना पसंद करते हैं। इस बार कीमतों में आई गिरावट से ग्राहकों को खरीदारी का बेहतर अवसर मिल सकता है। हालांकि, ग्राहकों को केवल बाजार में आई गिरावट देखकर जल्दबाजी में खरीदारी नहीं करनी चाहिए। सोना खरीदने से पहले उसकी शुद्धता, हॉलमार्क और प्रति ग्राम कीमत की जानकारी जरूर लें। इसी तरह चांदी खरीदते समय उसकी शुद्धता और वजन की पुष्टि करना जरूरी है। आभूषणों की अंतिम कीमत में मेकिंग चार्ज, जीएसटी और अन्य लागू शुल्क भी शामिल हो सकते हैं। इसलिए अलग-अलग दुकानों पर कीमतों की तुलना करना फायदेमंद रहेगा।

खरीदारी से पहले इन बातों का रखें ध्यान
सोना खरीदते समय BIS हॉलमार्क और HUID नंबर की जांच जरूर करें। 24 कैरेट सोना आमतौर पर निवेश के लिए सिक्कों और बार के रूप में खरीदा जाता है, जबकि आभूषणों में सामान्यतः 22 कैरेट सोने का इस्तेमाल होता है। ग्राहक बिल जरूर लें और उसमें सोने का वजन, शुद्धता, मेकिंग चार्ज तथा टैक्स का पूरा विवरण जांचें। चांदी खरीदते समय भी शुद्धता और वजन की पुष्टि करें। केवल कम कीमत देखकर किसी अनजान विक्रेता से खरीदारी करने से बचें।

आगे कैसी रह सकती हैं सोने-चांदी की कीमतें?
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले दिनों में सोने और चांदी की कीमतों की दिशा अंतरराष्ट्रीय बाजार, डॉलर की चाल, कच्चे तेल की कीमतों और अमेरिकी फेडरल रिजर्व के फैसलों पर निर्भर कर सकती है। मौजूदा गिरावट के बावजूद कीमतों में आगे भी उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।

इसलिए निवेश या बड़ी खरीदारी का फैसला अपनी जरूरत और बजट के हिसाब से लेना बेहतर होगा। यह जरूरी नहीं है कि आज आई गिरावट के बाद कीमतें लगातार नीचे ही जाएं।
कुल मिलाकर, धनतेरस के दिन सोने और चांदी की कीमतों में आई गिरावट ने खरीदारी की तैयारी कर रहे ग्राहकों को राहत दी है। हालांकि, बाजार भाव लगातार बदलते रहते हैं। इसलिए खरीदारी करने से पहले अपने शहर के सर्राफा बाजार में ताजा रेट जरूर पता कर लें।


