
By: Mala Mandal
देवघर। लोक आस्था के महापर्व छठ पूजा को लेकर देवघर नगर निगम प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। छठ महापर्व के दौरान श्रद्धालुओं और छठव्रतियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो, इसके लिए नगर निगम की ओर से शहर के प्रमुख छठ घाटों और तालाबों की साफ-सफाई, सुरक्षा तथा बुनियादी सुविधाओं को दुरुस्त करने की कवायद शुरू कर दी गई है। इसी क्रम में देवघर के महापौर रवि कुमार राउत ने नगर निगम क्षेत्र के तीन प्रमुख छठ घाटों का स्थलीय निरीक्षण कर तैयारियों का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और छठ पूजा समितियों के सदस्यों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

महापौर रवि कुमार राउत ने वार्ड संख्या 24 स्थित छत्तीसी तालाब, वार्ड संख्या 28 स्थित महादेवातारी तालाब और वार्ड संख्या 36 स्थित कुंडा तालाब पहुंचकर वहां चल रहे कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने घाटों की साफ-सफाई से लेकर छठव्रतियों की सुविधा और सुरक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी ली। महापौर ने संबंधित अधिकारियों से तैयारियों की प्रगति के बारे में जानकारी प्राप्त की और जहां भी कमियां नजर आईं, उन्हें समय रहते दूर करने का निर्देश दिया।

छठ महापर्व को लेकर इन तीनों प्रमुख तालाबों पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और छठव्रतियों के पहुंचने की संभावना रहती है। ऐसे में घाटों की व्यवस्था बेहतर रखना नगर निगम प्रशासन के सामने महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। इसे देखते हुए महापौर ने घाटों की व्यापक साफ-सफाई सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि छठ पूजा से पहले सभी घाटों को पूरी तरह स्वच्छ और व्यवस्थित किया जाना चाहिए, ताकि व्रतियों को पूजा-अर्चना और अर्घ्य देने के दौरान किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो।

निरीक्षण के दौरान महापौर ने तालाबों के जलस्तर की स्थिति का भी जायजा लिया। छठ पूजा में अस्ताचलगामी और उदयीमान सूर्य को अर्घ्य देने के लिए श्रद्धालु तालाबों और जलाशयों में उतरते हैं। ऐसे में पानी की स्थिति और घाटों की सुरक्षा बेहद महत्वपूर्ण होती है। महापौर ने निर्देश दिया कि घाटों पर जलस्तर को ध्यान में रखते हुए आवश्यक सुरक्षा इंतजाम किए जाएं। जरूरत के अनुसार बैरिकेडिंग की व्यवस्था की जाए, ताकि श्रद्धालु सुरक्षित तरीके से पूजा कर सकें।

इसके साथ ही घाटों तक पहुंचने वाले रास्तों की स्थिति की भी समीक्षा की गई। महापौर ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि जहां भी रास्ते खराब हैं या आवागमन में परेशानी हो सकती है, वहां समय रहते मरम्मत कराई जाए। छठ पूजा के दौरान बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु घाटों तक पहुंचते हैं। इसलिए आवागमन को सुगम बनाना भी नगर निगम की प्राथमिकताओं में शामिल है।

महापौर ने घाटों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया। छठ पूजा के दौरान श्रद्धालु अहले सुबह उदीयमान सूर्य को अर्घ्य देने के लिए घाटों पर पहुंचते हैं। ऐसे में घाटों और आसपास के रास्तों पर पर्याप्त रोशनी होना जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी प्रमुख छठ घाटों पर लाइटिंग की समुचित व्यवस्था की जाए, ताकि अंधेरे के कारण किसी प्रकार की दुर्घटना या असुविधा की आशंका नहीं रहे।
महापौर रवि कुमार राउत ने मौके पर मौजूद अधिकारियों और पूजा समितियों के सदस्यों से कहा कि छठव्रतियों की सुविधा और सुरक्षा नगर निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसलिए सभी तैयारियां निर्धारित समय से पहले पूरी कर ली जाएं। साफ-सफाई, स्वच्छ जल, बैरिकेडिंग, प्रकाश व्यवस्था और सुगम पहुंच पथ जैसी आवश्यक सुविधाओं में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि नगर निगम प्रशासन का प्रयास है कि छठ महापर्व शांतिपूर्ण, स्वच्छ और सुरक्षित माहौल में संपन्न हो।

निरीक्षण के दौरान अलग-अलग वार्डों में स्थानीय लोगों और पूजा समितियों के प्रतिनिधियों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। वार्ड संख्या 24 स्थित छत्तीसी तालाब में पूर्व पार्षद दिनेश यादव, छत्तीसी पूजा समिति के सदस्यगण और छोटू भाई मौजूद रहे। वहीं वार्ड संख्या 28 स्थित महादेवातारी तालाब में महादेवातारी पूजा समिति के राजा भगत, राजा भाई सहित अन्य सदस्य उपस्थित थे। इसके अलावा वार्ड संख्या 36 स्थित कुंडा तालाब में कुंडा छठ पूजा समिति के मुकुंद, नीतीश और उनके साथी मौजूद रहे।

इस दौरान स्थानीय पूजा समितियों के सदस्यों ने भी घाटों की व्यवस्था और छठ पूजा की तैयारियों को लेकर अपनी सहभागिता दिखाई। महापौर ने पूजा समितियों के प्रतिनिधियों से आपसी समन्वय बनाकर काम करने की अपील की, ताकि महापर्व के दौरान श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने कहा कि छठ पूजा केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि आस्था, स्वच्छता, अनुशासन और सामाजिक एकता का प्रतीक भी है। इस महापर्व में समाज के सभी वर्गों की भागीदारी रहती है। इसलिए इसकी तैयारियों में नगर निगम प्रशासन के साथ स्थानीय नागरिकों और पूजा समितियों की भूमिका भी महत्वपूर्ण है।

महापौर ने देवघर नगर निगम क्षेत्र के नागरिकों से भी अपील की कि छठ महापर्व के दौरान घाटों और तालाबों में गंदगी नहीं फैलाएं। पूजा सामग्री और कचरे को निर्धारित स्थान पर ही डालें तथा घाटों की स्वच्छता बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें। उन्होंने कहा कि नगर निगम अपनी ओर से आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है, लेकिन शहर को स्वच्छ और व्यवस्थित बनाए रखना सभी नागरिकों की सामूहिक जिम्मेदारी है।

कुल मिलाकर, छठ महापर्व को लेकर देवघर नगर निगम प्रशासन ने तैयारियों को गति दे दी है। महापौर द्वारा छत्तीसी, महादेवातारी और कुंडा तालाब का निरीक्षण किए जाने से इन प्रमुख घाटों पर साफ-सफाई और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासनिक सक्रियता बढ़ी है। अब श्रद्धालुओं की नजर इस बात पर रहेगी कि निरीक्षण के दौरान दिए गए निर्देशों का कितनी तेजी से पालन होता है और छठ पूजा से पहले सभी घाटों पर आवश्यक सुविधाएं पूरी तरह उपलब्ध हो पाती हैं।

