By: Vikash Kumar Raut (Vicky)
Aaj Ka Panchang 11 June 2026: हिंदू धर्म में एकादशी तिथि का विशेष महत्व माना जाता है। 11 जून 2026, गुरुवार का दिन परमा एकादशी व्रत के कारण बेहद शुभ और पुण्यदायी माना जा रहा है। धार्मिक मान्यता के अनुसार परमा एकादशी का व्रत रखने और भगवान विष्णु की विधि-विधान से पूजा करने से व्यक्ति के जीवन के कष्ट दूर होते हैं तथा सुख, समृद्धि और सौभाग्य की प्राप्ति होती है। इस दिन कई शुभ योगों का निर्माण भी हो रहा है, जिससे पूजा-पाठ और दान-पुण्य का महत्व और अधिक बढ़ जाता है।

वैदिक पंचांग के अनुसार आज परमा एकादशी तिथि के साथ शुभ नक्षत्र और मंगलकारी योग का संयोग बन रहा है। धार्मिक दृष्टि से यह दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की कृपा प्राप्त करने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। श्रद्धालु इस दिन उपवास रखकर विष्णु सहस्रनाम, गीता पाठ और भगवान विष्णु के मंत्रों का जाप करते हैं।
आज का पंचांग 11 जून 2026
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर के समय
विजय मुहूर्त: शुभ कार्यों के लिए उत्तम
गोधूलि मुहूर्त: संध्या समय पूजा के लिए अनुकूल

आज के अशुभ मुहूर्त
राहुकाल: गुरुवार का राहुकाल विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जाता है, इस दौरान शुभ कार्यों से बचना चाहिए।
यमगण्ड काल: नए कार्यों की शुरुआत के लिए उपयुक्त नहीं।
गुलिक काल: कुछ विशेष कार्यों में परहेज करने की सलाह दी जाती है।

परमा एकादशी व्रत का महत्व
धार्मिक ग्रंथों के अनुसार परमा एकादशी का व्रत समस्त एकादशियों में विशेष फलदायी माना गया है। मान्यता है कि इस दिन उपवास रखने और भगवान विष्णु की आराधना करने से पापों का नाश होता है तथा मोक्ष की प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त होता है। यह व्रत आर्थिक परेशानियों, पारिवारिक समस्याओं और मानसिक तनाव को दूर करने वाला माना जाता है।

ऐसे करें भगवान विष्णु की पूजा
परमा एकादशी के दिन प्रातः स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें। भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की प्रतिमा या चित्र के सामने दीपक जलाएं। पीले पुष्प, तुलसी दल, फल और पंचामृत अर्पित करें। विष्णु सहस्रनाम का पाठ करें और दिनभर सात्विक भाव बनाए रखें। शाम के समय आरती कर भगवान से सुख-समृद्धि की प्रार्थना करें।

दान-पुण्य का विशेष महत्व
परमा एकादशी पर अन्न, वस्त्र, जल, फल और जरूरतमंद लोगों को दान करने का विशेष महत्व बताया गया है। धार्मिक मान्यता के अनुसार इस दिन किया गया दान कई गुना पुण्य प्रदान करता है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है।
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार आज का दिन आध्यात्मिक साधना, पूजा-पाठ, मंत्र जाप और दान-पुण्य के लिए अत्यंत शुभ माना जा रहा है। श्रद्धालु सच्चे मन से भगवान विष्णु की उपासना कर उनके आशीर्वाद की प्राप्ति कर सकते हैं।
यह लेख धार्मिक मान्यताओं, पंचांग और उपलब्ध ज्योतिषीय जानकारी पर आधारित है। विभिन्न क्षेत्रों और परंपराओं के अनुसार तिथि, मुहूर्त एवं पूजा-विधि में अंतर संभव है। किसी भी धार्मिक अनुष्ठान से पहले अपने स्थानीय पंडित या ज्योतिषाचार्य से परामर्श अवश्य करें।

