By: Vikash Kumar Raut (Vicky)
देवघर। देवघर नगर निगम परिसर में शुक्रवार को मजदूर यूनियन नेता संजय मंडल के नेतृत्व में सफाई कर्मियों ने एक दिवसीय सांकेतिक धरना प्रदर्शन किया। धरने में बड़ी संख्या में सफाई कर्मियों और मजदूर यूनियन से जुड़े लोगों ने हिस्सा लिया। प्रदर्शनकारियों ने नगर निगम प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सफाई कर्मियों को समय पर वेतन नहीं मिल रहा है और कर्मचारियों के EPF की राशि भी नियमित रूप से जमा नहीं की जा रही है।

धरना कार्यक्रम के दौरान सफाई कर्मियों ने अपनी मांगों को लेकर जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि नगर निगम क्षेत्र की साफ-सफाई की जिम्मेदारी निभाने वाले कर्मियों की स्थिति लगातार खराब होती जा रही है, लेकिन उनकी समस्याओं के समाधान की दिशा में प्रशासन कोई गंभीर पहल नहीं कर रहा है।

मजदूर यूनियन नेता संजय मंडल ने धरना स्थल से नगर निगम प्रशासन पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि सफाई कर्मी शहर को स्वच्छ रखने के लिए दिन-रात मेहनत करते हैं, लेकिन उन्हें उनके अधिकारों से वंचित रखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि कई सफाई कर्मियों को महीनों तक समय पर वेतन नहीं मिलता, जिससे उनके परिवार की आर्थिक स्थिति प्रभावित हो रही है।
संजय मंडल ने कहा कि सफाई कर्मियों का EPF नहीं मिलने से उनके भविष्य पर भी संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि कर्मचारियों के हक की राशि को लेकर पारदर्शिता नहीं बरती जा रही है। यूनियन नेता ने प्रशासन से मांग की कि सभी कर्मियों का लंबित वेतन जल्द जारी किया जाए और EPF की पूरी जानकारी सार्वजनिक की जाए।

धरने को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि यह आंदोलन फिलहाल सांकेतिक रूप से किया गया है ताकि प्रशासन को चेतावनी दी जा सके। यदि इसके बाद भी नगर निगम और जिला प्रशासन नहीं जागा तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। उन्होंने कहा कि मजदूर यूनियन अपने अधिकारों के लिए लगातार लड़ाई लड़ती रहेगी और जरूरत पड़ने पर बड़ा आंदोलन भी किया जाएगा।

धरना कार्यक्रम में मौजूद सफाई कर्मियों ने बताया कि उन्हें नियमित रूप से काम करने के बावजूद समय पर भुगतान नहीं मिलता। कई कर्मियों ने कहा कि महंगाई के दौर में वेतन में देरी होने से परिवार चलाना मुश्किल हो गया है। वहीं EPF को लेकर भी कर्मियों के बीच असंतोष देखा गया। कर्मचारियों का कहना था कि भविष्य की सुरक्षा के लिए EPF बेहद जरूरी है, लेकिन इस मामले में लगातार लापरवाही बरती जा रही है।

धरना स्थल पर मजदूर यूनियन के सदस्यों ने नगर निगम प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारे लगाए और सफाई कर्मियों के अधिकारों की रक्षा करने की मांग उठाई। यूनियन नेताओं ने कहा कि सफाई कर्मियों के साथ किसी प्रकार का अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

धरना प्रदर्शन के दौरान यूनियन की ओर से प्रशासन को मांग पत्र सौंपने की भी बात कही गई। यूनियन नेताओं ने मांग की कि सफाई कर्मियों के वेतन भुगतान की स्थायी व्यवस्था बनाई जाए ताकि भविष्य में किसी प्रकार की परेशानी न हो। साथ ही EPF से जुड़े सभी मामलों की जांच कर कर्मियों को उनका पूरा अधिकार दिया जाए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सफाई कर्मी शहर की व्यवस्था का अहम हिस्सा हैं और उनकी समस्याओं का जल्द समाधान होना चाहिए। लोगों ने कहा कि यदि सफाई कर्मियों की समस्याएं दूर नहीं हुईं तो शहर की सफाई व्यवस्था पर भी असर पड़ सकता है।

धरने के बाद मजदूर यूनियन नेताओं ने साफ कर दिया कि यदि जल्द सकारात्मक पहल नहीं हुई तो नगर निगम के खिलाफ चरणबद्ध आंदोलन शुरू किया जाएगा। यूनियन ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि मजदूरों के हितों की अनदेखी अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
देवघर नगर निगम परिसर में हुए इस प्रदर्शन के बाद अब सभी की नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है। सफाई कर्मियों की मांगों को लेकर नगर निगम क्या कदम उठाता है, यह आने वाले दिनों में स्पष्ट होगा।

