By: Mala Mandal
देवघर। इंडोर स्टेडियम, कुमैथा, देवघर में रविवार को जंपबॉल का रोमांच देखने को मिला। 27 सितंबर 2026 को आयोजित झारखंड बनाम बिहार प्रोमो मैच में दोनों राज्यों के खिलाड़ियों ने तेज गति, शानदार पासिंग, जंपिंग, स्कोरिंग और बेहतरीन टीमवर्क का प्रदर्शन किया। मैच के दौरान खिलाड़ियों के उत्साह और शानदार खेल ने आयोजन स्थल पर मौजूद लोगों का ध्यान आकर्षित किया। आयोजन का उद्देश्य जंपबॉल को झारखंड और बिहार में बढ़ावा देने के साथ-साथ खिलाड़ियों को वास्तविक मैच का अनुभव उपलब्ध कराना रहा। इस अवसर पर इंटरनेशनल जंपबॉल फेडरेशन (IJF) के अध्यक्ष एवं जंपबॉल के संस्थापक रामप्रवेश कुमार, उपाध्यक्ष अमित कुमार वर्मा, टेक्निकल कमेटी के अध्यक्ष राजेश रंजन, जॉइंट सेक्रेटरी ऋतुराज सिंह, झारखंड जंपबॉल संगठन के उपाध्यक्ष गोलू सिंह, कोषाध्यक्ष ललित कुमार, बिहार जंपबॉल संगठन के महासचिव राकेश रंजन तथा कोषाध्यक्ष गौरव कुमार समेत खेल पदाधिकारी और खिलाड़ी मौजूद रहे।

‘PASS • JUMP • SCORE’ है जंपबॉल की पहचान
इंटरनेशनल जंपबॉल फेडरेशन के अध्यक्ष एवं जंपबॉल के संस्थापक रामप्रवेश कुमार ने कहा कि जंपबॉल नॉन-बॉडी-कॉन्टैक्ट और तेज गति से खेला जाने वाला पासिंग गेम है। इसमें खिलाड़ियों को तेजी से गेंद पास करते हुए खेल को आगे बढ़ाना होता है और जंप के माध्यम से स्कोर किया जाता है। उन्होंने कहा कि जंपबॉल की पहचान उसकी गति, पासिंग और जंप के साथ स्कोरिंग से होती है। इसी वजह से इसका स्लोगन ‘PASS • JUMP • SCORE’ रखा गया है। उन्होंने कहा कि बच्चों और युवाओं के बीच इस खेल को लेकर रुचि लगातार बढ़ रही है।

रामप्रवेश कुमार के अनुसार जंपबॉल को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ाने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं। विभिन्न देशों में इस खेल की गतिविधियां शुरू करने, मैच और प्रैक्टिस आयोजित कराने की दिशा में काम चल रहा है। उन्होंने आने वाले समय में झारखंड की धरती पर अंतरराष्ट्रीय स्तर के जंपबॉल मैच आयोजित करने की दिशा में प्रयास किए जाने की बात कही।
युवाओं के लिए नया खेल अवसर
इंटरनेशनल जंपबॉल फेडरेशन के उपाध्यक्ष अमित कुमार वर्मा ने कहा कि जंपबॉल खिलाड़ियों को अपनी गति, पासिंग, जंपिंग और टीमवर्क का प्रदर्शन करने का अवसर देता है। देवघर में आयोजित प्रोमो मैच में खिलाड़ियों के उत्साह को देखते हुए उन्होंने कहा कि युवाओं में इस खेल को लेकर काफी रुचि दिखाई दे रही है। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक खिलाड़ियों को जंपबॉल से जोड़ने और प्रतियोगिताओं के माध्यम से उन्हें अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देने की दिशा में प्रयास किया जाएगा।

तकनीकी रूप से मजबूत बनाने पर जोर
इंटरनेशनल जंपबॉल फेडरेशन की टेक्निकल कमेटी के अध्यक्ष एवं जंपबॉल फेडरेशन ऑफ इंडिया के कोषाध्यक्ष राजेश रंजन ने कहा कि किसी भी खेल के विकास के लिए मजबूत तकनीकी व्यवस्था जरूरी है। उन्होंने बताया कि देशभर में जंपबॉल से जुड़े खिलाड़ियों, कोचों, रेफरी और तकनीकी अधिकारियों को आवश्यक मार्गदर्शन देने का प्रयास किया जाएगा। खेल के नियमों और तकनीकी व्यवस्था को एक समान तरीके से लागू करना प्राथमिकता होगी। उन्होंने कहा कि फेडरेशन जंपबॉल को देश के विभिन्न राज्यों तक व्यवस्थित तरीके से पहुंचाने के लिए काम करेगा।

राज्यों में मजबूत संगठन से बढ़ेगा खेल
जंपबॉल फेडरेशन ऑफ इंडिया के जॉइंट सेक्रेटरी ऋतुराज सिंह ने कहा कि जंपबॉल के विकास में राज्य संगठनों की महत्वपूर्ण भूमिका है। बिहार और झारखंड के खिलाड़ियों का एक साथ प्रोमो मैच खेलना उत्साहजनक है। उन्होंने कहा कि इस तरह के मैच खिलाड़ियों को वास्तविक खेल का अनुभव देने के साथ-साथ विभिन्न राज्यों के बीच खेल संबंधों को भी मजबूत करते हैं। भविष्य में अन्य राज्यों में भी इस प्रकार के आयोजन किए जाने की आवश्यकता है, ताकि ज्यादा से ज्यादा खिलाड़ियों को जंपबॉल खेलने और अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल सके।

झारखंड में नए खिलाड़ियों को तैयार करने का प्रयास
झारखंड जंपबॉल संगठन के उपाध्यक्ष गोलू सिंह ने कहा कि झारखंड में जंपबॉल को अधिक से अधिक खिलाड़ियों तक पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किया जाएगा। उन्होंने देवघर में आयोजित प्रोमो मैच को राज्य के खिलाड़ियों के लिए महत्वपूर्ण अवसर बताया। उन्होंने कहा कि संगठन का उद्देश्य बच्चों और युवाओं को जंपबॉल से जोड़ना और उन्हें भविष्य में राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर झारखंड का प्रतिनिधित्व करने के लिए तैयार करना है।

वहीं, झारखंड जंपबॉल संगठन के कोषाध्यक्ष ललित कुमार ने खिलाड़ियों के लिए बेहतर आयोजन व्यवस्था और सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि झारखंड में जंपबॉल को मजबूत आधार देने के लिए संगठन की ओर से हर संभव सहयोग किया जाएगा।
बिहार में गांव-गांव तक पहुंचाने का लक्ष्य
बिहार जंपबॉल संगठन के महासचिव राकेश रंजन ने कहा कि बिहार में प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की कमी नहीं है। संगठन का प्रयास रहेगा कि जंपबॉल को स्कूलों, क्लबों और खेल संस्थानों तक पहुंचाया जाए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण इलाकों और छोटे शहरों के खिलाड़ियों को भी इस खेल में आगे बढ़ने का अवसर मिलना चाहिए। बिहार और झारखंड के बीच आयोजित प्रोमो मैच को उन्होंने खिलाड़ियों के लिए उपयोगी अनुभव बताया। बिहार जंपबॉल संगठन के कोषाध्यक्ष गौरव कुमार ने कहा कि आयोजन में मिक्स जंपबॉल मैच विशेष आकर्षण रहा। इसमें पुरुष और महिला खिलाड़ियों ने एक साथ टीम का हिस्सा बनकर खेल का प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि मिक्स जंपबॉल टीमवर्क, आपसी तालमेल और खेल भावना को बढ़ावा देने का माध्यम है।

मिक्स जंपबॉल ने बढ़ाया रोमांच
झारखंड और बिहार के बीच मुख्य मुकाबले के साथ मिक्स जंपबॉल मैच भी आयोजित किया गया। पुरुष और महिला खिलाड़ियों की संयुक्त भागीदारी वाले इस मुकाबले में तेज पासिंग, जंप और स्कोरिंग ने रोमांच बढ़ा दिया। खिलाड़ियों के बीच बेहतर तालमेल और टीमवर्क देखने को मिला। जंपबॉल की खासियत यह है कि इसमें बॉडी कॉन्टैक्ट नहीं होता। खेल तेजी से आगे बढ़ता है और पासिंग, टीमवर्क तथा जंप के माध्यम से स्कोरिंग इसकी प्रमुख विशेषताओं में शामिल हैं। यही विशेषताएं इसे अन्य खेलों से अलग पहचान देती हैं।

अंतरराष्ट्रीय विस्तार की दिशा में प्रयास
जंपबॉल के संस्थापक रामप्रवेश कुमार ने कहा कि खेल को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विस्तार देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। विभिन्न देशों में जंपबॉल की गतिविधियों को बढ़ाने और खिलाड़ियों को इस खेल से जोड़ने की दिशा में योजनाएं बनाई जा रही हैं।
देवघर में आयोजित बिहार-झारखंड प्रोमो मैच को जंपबॉल के प्रचार-प्रसार, खिलाड़ियों को मैच का अनुभव देने और दोनों राज्यों में इस खेल को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण आयोजन के रूप में देखा गया। आयोजन के साथ जंपबॉल का संदेश भी स्पष्ट रहा— PASS • JUMP • SCORE।

