By: Mala Mandal
देवघर। संत फ्रांसिस स्कूल देवघर के विशाल परिसर में 15 अगस्त को देश का 80वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास, उत्साह और देशभक्ति की भावना के साथ मनाया गया। स्वतंत्रता दिवस समारोह में विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर देशभक्ति के नारों, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और बच्चों की शानदार परेड से गूंज उठा। इस अवसर पर विद्यालय के सचिव फादर थॉमस चिट्टुक्कलम टीओआरओ विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने विद्यालय की गरिमा में चार चांद लगाते हुए विद्यार्थियों और विद्यालय परिवार को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं। वहीं, विद्यालय के प्रधानाचार्य फादर अब्राहम कोलाडिकल टीओआरओ के कर-कमलों से स्वतंत्रता दिवस समारोह का शुभारंभ हुआ।

समारोह को संबोधित करते हुए फादर अब्राहम कोलाडिकल ने विद्यार्थियों को देश के भविष्य का आधार बताते हुए कहा कि देश की समृद्धि और विकास बच्चों के उत्तरदायित्व पर निर्भर करता है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे एक सफल और जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए निरंतर प्रयास करें। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करे और देश की प्रगति में अपना योगदान दे, तभी एक सुदृढ़ और समृद्ध भारत की कल्पना साकार हो सकती है।
उन्होंने विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ-साथ अनुशासन, ईमानदारी, जिम्मेदारी और देशभक्ति जैसे मूल्यों को अपने जीवन में अपनाने की प्रेरणा दी। उनके संबोधन में राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका पर विशेष जोर दिया गया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को अपने व्यक्तिगत सुख से अधिक समाज और देश के हित के बारे में सोचने की आदत विकसित करनी चाहिए।

समारोह के विशिष्ट अतिथि फादर चिट्टुक्कलम ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीरों और स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धापूर्वक याद किया। उन्होंने कहा कि देश की आजादी हमें अनेक वीरों के बलिदान के बाद मिली है। इसलिए स्वतंत्रता के महत्व को समझना और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है।
फादर चिट्टुक्कलम ने अपने संबोधन में जीवन में साहस, शांति और शक्ति की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि जीवन में आने वाली चुनौतियों का सामना साहस के साथ करना चाहिए। साथ ही समाज में शांति और आपसी सद्भाव बनाए रखने की भावना भी विकसित करनी चाहिए। उन्होंने छात्र-छात्राओं को राष्ट्रप्रेम की भावना के साथ आगे बढ़ने और देश के विकास में अपनी सकारात्मक भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया।

उन्होंने कहा कि आज के विद्यार्थी ही कल के भारत का निर्माण करेंगे। इसलिए प्रत्येक विद्यार्थी को अपनी जिम्मेदारियों को समझते हुए भविष्य की तैयारी करनी चाहिए। ईमानदारी, बुद्धिमत्ता और अनुशासन के साथ जीवन में आगे बढ़ने वाले विद्यार्थी न केवल स्वयं सफलता प्राप्त करते हैं, बल्कि समाज और देश के लिए भी उपयोगी साबित होते हैं।
स्वतंत्रता दिवस समारोह का सबसे आकर्षक दृश्य विद्यालय परिसर में आयोजित परेड रही। बैंड की मधुर धुन के बीच विद्यालय के उत्साही छात्र-छात्राओं ने शानदार परेड प्रस्तुत की। बच्चों के कदमों में जोश और चेहरे पर देशभक्ति की चमक साफ दिखाई दे रही थी। परेड के दौरान विद्यार्थियों का अनुशासन और आत्मविश्वास देखते ही बन रहा था।

समारोह में विद्यार्थियों ने नृत्य, संगीत और विभिन्न शिक्षाप्रद सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुति दी। इन प्रस्तुतियों के माध्यम से देश की एकता, अखंडता और विविधता में एकता का संदेश प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया गया। विभिन्न राज्यों की संस्कृतियों की झलक ने कार्यक्रम को और भी आकर्षक बना दिया।
विशेष रूप से छोटे बच्चों की प्रस्तुतियों ने समारोह में मौजूद अभिभावकों और अतिथियों का दिल जीत लिया। बच्चों की मासूमियत, आत्मविश्वास और शानदार प्रस्तुति को देखकर उपस्थित लोगों ने उनका उत्साहवर्धन किया। छात्र-छात्राओं द्वारा कराटे की अद्भुत प्रस्तुति भी कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रही। कराटे प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थियों ने अपने साहस, अनुशासन और आत्मरक्षा कौशल का शानदार प्रदर्शन किया।

कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के विद्यार्थियों ने देशभक्ति से ओत-प्रोत विभिन्न प्रस्तुतियों के माध्यम से स्वतंत्रता सेनानियों और राष्ट्र के प्रति सम्मान की भावना व्यक्त की। विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों ने उपस्थित दर्शकों में देशभक्ति का जोश भर दिया। कार्यक्रम में शामिल बच्चों के उत्साह और आत्मविश्वास की उपस्थित अतिथियों, अभिभावकों और विद्यालय परिवार ने जमकर सराहना की।

समारोह के दौरान विद्यालय परिसर में देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता का वातावरण देखने को मिला। बच्चों की शानदार प्रस्तुतियों ने यह संदेश दिया कि नई पीढ़ी देश की संस्कृति, परंपरा और मूल्यों को आगे बढ़ाने के लिए तैयार है। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने अपने प्रदर्शन के माध्यम से यह भी दिखाया कि शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि अनुशासन, संस्कार, साहस, जिम्मेदारी और राष्ट्रप्रेम भी शिक्षा का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं।

समारोह के अंत में विद्यालय के उप-प्रधानाचार्य फादर पीटर टुडू टीओआरओ ने कार्यक्रम में शामिल सभी अतिथियों, अभिभावकों, शिक्षकों, शिक्षिकाओं, कर्मचारियों और विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग और सहभागिता से स्वतंत्रता दिवस समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हो सका।
उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने में योगदान देने वाले सभी लोगों के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। स्वतंत्रता दिवस समारोह में विद्यालय के सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं पदस्थापित कर्मचारीगण उपस्थित रहे।

संत फ्रांसिस स्कूल देवघर में आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह ने विद्यार्थियों में राष्ट्रप्रेम, अनुशासन, एकता और जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया। पूरे कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर में देशभक्ति और उत्साह का माहौल बना रहा। विद्यार्थियों की शानदार प्रस्तुतियों ने समारोह को यादगार बना दिया और उपस्थित लोगों को यह संदेश दिया कि आज के बच्चे ही आने वाले समय में देश की नई तस्वीर गढ़ेंगे।



