By: Mala Mandal
देवघर। बंगाल की खाड़ी में विकसित हो रहे चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के संभावित प्रभाव और आगामी दिनों में बारिश की आशंका को देखते हुए देवघर नगर निगम प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 28 से 30 अक्टूबर के बीच झारखंड के विभिन्न हिस्सों में बारिश होने की संभावना है। इसे ध्यान में रखते हुए नगर निगम ने शहर में जलजमाव की समस्या से निपटने और आम नागरिकों को संभावित परेशानियों से बचाने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। नगर निगम प्रशासन ने सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने, नालों की सफाई में तेजी लाने और जलनिकासी व्यवस्था की निगरानी करने का निर्देश दिया है।

इस संबंध में अपर नगर आयुक्त की अध्यक्षता में नगर निगम की सफाई शाखा के सभी वार्ड जमादारों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में संभावित बारिश के दौरान शहर के निचले इलाकों, संकरी गलियों और विभिन्न मोहल्लों में जलजमाव की स्थिति उत्पन्न होने की आशंका पर चर्चा की गई। अपर नगर आयुक्त ने संबंधित कर्मियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने वार्डों में सफाई कार्य को प्राथमिकता देते हुए नालियों की विशेष सफाई सुनिश्चित करें, ताकि बारिश के दौरान पानी की निकासी बाधित न हो।

नालों की सफाई का कार्य समय पर पूरा करने का निर्देश
देवघर शहर के विभिन्न इलाकों में बारिश के दौरान जलजमाव की समस्या आम नागरिकों के लिए परेशानी का कारण बन सकती है। नालियों में कचरा जमा होने, जलनिकासी मार्ग अवरुद्ध रहने और निचले क्षेत्रों में पानी जमा होने से लोगों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। इसी संभावना को ध्यान में रखते हुए नगर निगम प्रशासन ने सफाई व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरतने का निर्णय लिया है।

बैठक के दौरान अपर नगर आयुक्त ने सभी वार्ड जमादारों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में नालियों की स्थिति का निरीक्षण करें और जहां भी सफाई की आवश्यकता है, वहां तत्काल कार्य कराएं। उन्होंने नालियों में जमा कचरे और जलनिकासी में बाधा उत्पन्न करने वाली गंदगी को हटाने पर विशेष जोर दिया। संबंधित कर्मियों को निर्देशित किया गया कि नालियों की सफाई का कार्य हर हाल में अगले दिन तक पूरा कराना सुनिश्चित करें। इसका उद्देश्य संभावित बारिश से पहले जलनिकासी व्यवस्था को सुचारु बनाना है, ताकि वर्षा का पानी नालियों के माध्यम से आसानी से निकल सके।

निचले इलाकों और संकरी गलियों पर विशेष नजर
बारिश के दौरान शहर के निचले इलाकों और संकरी गलियों में जलजमाव की आशंका अधिक रहती है। ऐसे स्थानों पर जलनिकासी व्यवस्था प्रभावित होने से स्थानीय निवासियों के साथ-साथ राहगीरों को भी परेशानी हो सकती है। इस स्थिति से बचने के लिए नगर निगम ने वार्ड स्तर पर सफाई व्यवस्था की समीक्षा करने और संवेदनशील स्थानों पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया है। वार्ड जमादारों को अपने-अपने क्षेत्रों की परिस्थितियों के अनुसार आवश्यक सफाई कार्य कराने और जलनिकासी मार्गों की स्थिति पर नजर रखने को कहा गया है। निगम प्रशासन का जोर इस बात पर है कि बारिश शुरू होने से पहले ही संभावित समस्याओं की पहचान कर उनका समाधान कर लिया जाए।

यदि नालियों की सफाई समय पर पूरी होती है और जलनिकासी के रास्ते खुले रहते हैं, तो बारिश के दौरान जलजमाव की समस्या को काफी हद तक नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है। इसी उद्देश्य से सफाई शाखा को सक्रिय रहने और कार्यों की नियमित निगरानी करने का निर्देश दिया गया है।
जलजमाव की शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए QRT
संभावित बारिश के दौरान यदि किसी इलाके में जलजमाव, नाली जाम या सफाई से संबंधित समस्या उत्पन्न होती है, तो उसका जल्द समाधान करना नगर निगम के सामने महत्वपूर्ण चुनौती होगी। इसे ध्यान में रखते हुए अपर नगर आयुक्त ने सफाई शाखा को एक विशेष क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) गठित करने का निर्देश दिया है। प्रस्तावित QRT का उद्देश्य बारिश के दौरान उत्पन्न होने वाली आकस्मिक परिस्थितियों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करना है। शिकायत प्राप्त होने पर टीम संबंधित स्थल का निरीक्षण करेगी और समस्या की प्रकृति के अनुसार आवश्यक कार्रवाई करेगी। जलजमाव वाले स्थानों, जाम नालियों और अन्य सफाई संबंधी समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर दूर करने की व्यवस्था की जाएगी। QRT के माध्यम से शिकायतों पर तेजी से कार्रवाई करने और प्रभावित इलाकों में सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने में मदद मिलने की उम्मीद है। हालांकि, टीम के गठन और उसके संचालन से संबंधित विस्तृत जानकारी नगर निगम की ओर से अलग से जारी की जा सकती है।

सफाई कर्मियों को सतर्क रहने का निर्देश
बैठक में अपर नगर आयुक्त ने सभी संबंधित कर्मियों को मौसम की स्थिति पर नजर रखने और पूरी सतर्कता के साथ काम करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि संभावित बारिश को देखते हुए सफाई एवं जलनिकासी व्यवस्था की लगातार निगरानी जरूरी है। वार्ड स्तर पर किसी भी प्रकार की समस्या सामने आने पर उसका समय रहते समाधान करने पर जोर दिया गया। नगर निगम प्रशासन की कोशिश है कि बारिश के कारण शहरवासियों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। इसके लिए सफाई शाखा को सक्रिय रखते हुए नालियों की सफाई, जलनिकासी मार्गों के निरीक्षण और शिकायतों के निपटारे पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।

शहरवासियों को राहत पहुंचाना नगर निगम का लक्ष्य
देवघर में आगामी दिनों में संभावित बारिश को देखते हुए नगर निगम की तैयारियां शहर की सफाई और जलनिकासी व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। नालियों की समय पर सफाई, संवेदनशील इलाकों की निगरानी और शिकायतों के त्वरित समाधान से जलजमाव के खतरे को कम करने में सहायता मिल सकती है।

नगर निगम का मुख्य उद्देश्य संभावित बारिश के दौरान शहरवासियों को जलजमाव से होने वाली परेशानियों से बचाना और शहर की स्वच्छता व्यवस्था को सुचारु बनाए रखना है। अब इन तैयारियों की प्रभावशीलता इस बात पर निर्भर करेगी कि वार्ड स्तर पर सफाई कार्य कितनी तेजी से पूरा होता है और बारिश के दौरान शिकायतों पर कितनी तत्परता से कार्रवाई की जाती है।

फिलहाल, चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के संभावित प्रभाव को देखते हुए देवघर नगर निगम ने संबंधित कर्मियों को सतर्क रहने और जलनिकासी व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया है। आगामी दिनों में मौसम की स्थिति के अनुसार शहर में सफाई व्यवस्था की निगरानी और आवश्यक कार्रवाई पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

