By: Mala Mandal
देवघर। विश्व प्रसिद्ध राजकीय श्रावणी मेला 2026 में आने वाले लाखों शिवभक्तों के लिए इस बार एक बड़ी और ऐतिहासिक सौगात मिलने जा रही है। पहली बार श्रद्धालु देवघर से बाबा बासुकीनाथ धाम तक हेलीकॉप्टर से मात्र 15 मिनट में पहुंच सकेंगे। झारखंड सरकार और झारखंड फ्लाइंग इंस्टीट्यूट की पहल पर यह सेवा 4 अगस्त 2026 से शुरू की जा रही है। इस सुविधा का उद्देश्य श्रद्धालुओं का समय बचाना, यात्रा को अधिक सुविधाजनक बनाना और धार्मिक पर्यटन को नई ऊंचाई देना है।

श्रावणी मेले के दौरान हर वर्ष लाखों श्रद्धालु सुल्तानगंज से पवित्र गंगाजल लेकर करीब 109 किलोमीटर की पदयात्रा करते हुए बाबा बैद्यनाथ धाम पहुंचते हैं। जलाभिषेक के बाद बड़ी संख्या में श्रद्धालु बाबा बासुकीनाथ मंदिर भी दर्शन के लिए जाते हैं। सड़क मार्ग से इस यात्रा में काफी समय लगता है, लेकिन अब हेलीकॉप्टर सेवा शुरू होने से यह दूरी महज 15 मिनट में पूरी की जा सकेगी।
ऑनलाइन करनी होगी बुकिंग
हेलीकॉप्टर सेवा का लाभ लेने के लिए श्रद्धालुओं को पहले से ऑनलाइन बुकिंग करनी होगी। झारखंड फ्लाइंग इंस्टीट्यूट ने इसके लिए बुकिंग प्रक्रिया शुरू कर दी है। सीमित सीटों के कारण श्रद्धालुओं को सलाह दी गई है कि वे समय रहते अपनी यात्रा की बुकिंग सुनिश्चित करें।

क्या होगा किराया?
सरकार द्वारा विभिन्न हवाई सेवाओं के लिए अलग-अलग किराया निर्धारित किया गया है।
देवघर (बाबा बैद्यनाथ धाम) का 7 से 10 मिनट का हवाई दर्शन – ₹2,850
बासुकीनाथ का 7 से 10 मिनट का हवाई दर्शन – ₹2,850
देवघर से त्रिकूट पर्वत का हवाई दर्शन – ₹3,750
देवघर से बासुकीनाथ तक एकतरफा 15 मिनट की हेलीकॉप्टर यात्रा – ₹4,500

धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
विशेषज्ञों का मानना है कि हेलीकॉप्टर सेवा शुरू होने से केवल श्रद्धालुओं को सुविधा ही नहीं मिलेगी, बल्कि देवघर, बासुकीनाथ और त्रिकूट क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को भी नई गति मिलेगी। कम समय में कई प्रमुख धार्मिक स्थलों का भ्रमण संभव होने से देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ने की संभावना है।

वरिष्ठ नागरिकों के लिए बड़ी राहत
यह सेवा विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांग श्रद्धालुओं, छोटे बच्चों के साथ यात्रा करने वाले परिवारों तथा समयाभाव वाले यात्रियों के लिए बेहद उपयोगी साबित होगी। सड़क मार्ग की लंबी यात्रा और भीड़भाड़ से बचते हुए श्रद्धालु आसानी से बाबा बासुकीनाथ के दर्शन कर सकेंगे।

श्रावणी मेले में आधुनिक सुविधाओं का विस्तार
राजकीय श्रावणी मेला 2026 में इस बार प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कई आधुनिक व्यवस्थाएं की हैं। पूरे मेला क्षेत्र में हाई-टेक सफाई व्यवस्था, मोबाइल शौचालय, हाई-प्रेशर जेटिंग मशीन, फॉगिंग, सैनिटाइजेशन अभियान तथा 24 घंटे सफाई व्यवस्था लागू की गई है। इसके अलावा सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा कांवरिया पथ और मेला क्षेत्र में 34 सूचना एवं सहायता केंद्र भी संचालित किए जा रहे हैं।

समय की होगी बड़ी बचत
देवघर से बासुकीनाथ सड़क मार्ग से पहुंचने में सामान्य परिस्थितियों में काफी समय लगता है। श्रावणी मेले के दौरान भारी भीड़ और ट्रैफिक के कारण यह समय और बढ़ जाता है। ऐसे में हेलीकॉप्टर सेवा श्रद्धालुओं के लिए समय की बड़ी बचत करेगी और एक ही दिन में दोनों ज्योतिर्लिंगों के दर्शन करना अधिक आसान हो जाएगा।

सरकार की नई पहल
झारखंड सरकार का उद्देश्य श्रावणी मेले को आधुनिक सुविधाओं से जोड़ना और श्रद्धालुओं को विश्वस्तरीय यात्रा अनुभव देना है। हेलीकॉप्टर सेवा इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। इससे राज्य के धार्मिक और पर्यटन क्षेत्र को भी नई पहचान मिलने की उम्मीद है।

श्रद्धालुओं में उत्साह
हेलीकॉप्टर सेवा की घोषणा के बाद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। कई श्रद्धालुओं का कहना है कि अब कम समय में बाबा बैद्यनाथ और बाबा बासुकीनाथ दोनों के दर्शन करना पहले की तुलना में अधिक आसान होगा। वहीं पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों का मानना है कि इस नई सुविधा से स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ मिलेगा।

श्रावणी मेला 2026 में शुरू हो रही हेलीकॉप्टर सेवा देवघर के धार्मिक पर्यटन इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ने जा रही है। 4 अगस्त से शुरू होने वाली यह सुविधा श्रद्धालुओं को तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का विकल्प देगी। यदि यह प्रयोग सफल रहता है, तो भविष्य में झारखंड के अन्य प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों के लिए भी ऐसी सेवाओं का विस्तार किया जा सकता है।

